टीम इंडिया के पूर्व टेस्ट बल्लेबाज आकाश चोपड़ा (Aakash Chopra) इन दिनों अपने यूट्यूब चैनल ‘बेटवे क्रिकेट चौपाल’ पर क्रिकेट के कई मजेदार तराने छेड़ते हैं. इस कड़ी में उन्होंने आज 21वीं सदी के बेस्ट टेस्ट बल्लेबाज (Best Test Batsman in 21st Century) चुना. चोपड़ा ने अपने इस चयन के लिए दुनिया 6 दिग्गज बल्लेबाजों के रिकॉर्ड को बारीकी से परखते हुए अपनी राय तैयार की. उनकी इस फेहरिस्त में भारत के दो महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर (Sachin Tendulkar) और टेस्ट क्रिकेट की ‘द वॉल’ नाम से मशहूर राहुल द्रविड़ (Rahul Dravid) का नाम भी शामिल था. हालांकि यह दोनों खिलाड़ी चोपड़ा की पारखी नजर में बेस्ट बल्लेबाज की रेस नहीं जीत पाए.Also Read - IND vs ENG, 1st Test: Joe Root बने इंग्‍लैंड के सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्‍लेबाज, जानें सचिन से हैं कितने दूर

आकाश चोपड़ा ने अपने यू-ट्यूब और फेसबुक अकाउंट पर इस वीडियो को शेयर किया है. इस वीडियो में उन्होंने सचिन और द्रविड़ समेत कुल 6 नाम चुने थे, जिसमें एलिस्टेयर कुक (ENG), रिकी पॉन्टिंग (AUS), कुमार संगाकारा (SL) और (Jacques Kallis) जैक कालिस (SA) का नाम शामिल था. उन्होंने इन सभी खिलाड़ियों के 21 वीं सदी (2000-2021) के प्रदर्शन के आधार पर उनके आंकड़ों को परखते अपना चयन तैयार किया. Also Read - 'रोहित शर्मा, विराट कोहली, अजिंक्य रहाणे और रिषभ पंत को निशाना बनाएंगे इंग्लैंड के गेंदबाज'

43 वर्षीय चोपड़ा ने इन खिलाड़ियों के घर में प्रदर्शन के बाद घर से बाहर और एशियाई खिलाड़ियों का SENA (साउथ अफ्रीका, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया) में प्रदर्शन और विदेशी खिलाड़ियों का एशिया में प्रदर्शन के देखते हुए अपनी राय तैयार की. इसके अलावा एक कैलेंडर वर्ष में खिलाड़ियों ने कब-कब 1000 या इससे ज्यादा रन बनाए इनका विश्लेषण भी पेश किया. Also Read - WATCH: कोच नहीं रोहित शर्मा ने कराई टीम इंडिया को फील्डिंग प्रैक्टिस, हंसते-हंसते खिलाड़ियों का हुआ बुरा हाल

अपनी इस लिस्ट में चोपड़ा ने साउथ अफ्रीका के पूर्व दिग्गज ऑलराउंडर जैक कालिस को 21वीं सदी में अभी तक का सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज करार दिया है. जैस कालिस ने इस सदी में संयुक्त रूप से सर्वाधिक 38 टेस्ट शतक जमाए. उन्होंने एशिया में 8 शतक, जबकि अपने घर में 20 शतक जमाए.

यहां देखें उनका पूरा वीडियो

चोपड़ा ने उनके आंकड़ों का विश्लेषण करते हुए आगे बताया- इस दौरान एशिया में उनका बैटिंग औसत 59.6 रहा, जबकि अपने घर साउथ अफ्रीका में भी वह 62.8 के औसत से खेले, जहां बल्लेबाजी करना सबसे मुश्किल माना जाता है. इसके अलावा एक कैलेंडर साल में 1000 या इससे ज्यादा रन उन्होंने 5 बार (2001, 2004, 2005, 2007 और 2010) अपने नाम किए. उन्होंने इस काल में कुल 123 टेस्ट मैच खेलकर 59.6 के औसत से कुल 10 हजार 660 रन अपने नाम किए. इस दौरान उनका सर्वश्रेष्ठ पारी 224 रनों की रही.