नई दिल्ली : मौजूदा विजेता ऑस्ट्रेलिया अपने आईसीसी विश्व कप अभियान की शुरुआत आज अफगानिस्तान के साथ काउंटी ग्राउंड पर होने वाले मैच के साथ करेगी. अफगानिस्तान की ताकत उसकी गेंदबाजी है. यह टीम 250-280 के स्कोर को भी बचाने का दम रखती है. राशिद खान इसके आक्रमण की धुरी है जिन्होंने अपनी तेज स्पिन से दुनिया भर के बल्लेबाजों को परेशान किया है. राशिद का सामना करना किसी भी बल्लेबाज के लिए आसान नहीं है.

उनके अलावा मुजीब उर रहमान, मोहम्मद नबी दो और ऐसे स्पिनर हैं जो अपनी फिरकी में दिग्गज बल्लेबाजों को फंसाने का दम रखते हैं. तेज गेंदबाजी में अफगानिस्तान के पास कप्तान गुलबदीन नैब, दौलत जादरान, हामिद हसन, अफताब आलम हैं. यह सभी इंग्लैंड की परिस्थतियों में अच्छा करने की काबिलियत रखते हैं.

इस टीम की दो समस्याएं हैं. पहली इंग्लैंड में खेलने का अनुभव. टीम ने अभी तक जितने भी बड़े मैच जीते हैं और उलटफेर किए हैं वह सभी उपमहाद्वीप में किए हैं. इंग्लैंड जैसी परिस्थतियों में यह टीम कितनी कारगार साबित होगी यह वक्त बताएगा. दूसरी समस्या बल्लेबाजी. टीम में 250-280 रनों के लक्ष्य को बचाने का दम है लेकिन अगर 300 के आस-पास का लक्ष्य होता है तो इस टीम को दिक्कत आ सकती है.

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विश्व कप के अभ्यास मैच में अफगानिस्तान ने पाकिस्तान को मात दी थी और उस मैच में टीम की बल्लेबाजी ने अच्छा किया था. अहमद शाहजाद, नूर अली जादरान, हसमातुल्लाह शाहिदी टीम की बल्लेबाजी की धुरी हैं. इन तीनों के अलावा हजरतुल्लाह जाजई और नाजिबुल्लाह जादरान भी हैं. अंत में राशिद और नबी तेजी से रन बनाने का दम रखते हैं.

वहीं, अगर ऑस्ट्रेलिया की बात की जाए तो उसने सही समय पर फॉर्म में वापसी की है. 2018 तक इस टीम को काफी कमजोर माना जा रहा था लेकिन 2019 में इस टीम ने भारत को भारत में हराया और फिर पाकिस्तान को 5-0 से मात दी.

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साथ ही प्रतिबंध के बाद लौट रहे स्टीवन स्मिथ और डेविड वॉर्नर के आने से टीम मजबूत हो गई है. इन दोनों के आने से बल्लेबाजी को गहराई मिली है. इन दोनों के ऊपर ही टीम की बल्लेबाजी का दारोमदार है. कप्तान एरॉन फिंच और उस्मान ख्वाजा दो और ऐसे बल्लेबाज हैं जो बेहतरीन फॉर्म में हैं. अंत में मार्कस स्टोइनिस और ग्लैन मैक्सवेल का रोल भी काफी अहम है.

गेंदबाजी में भी टीम के पास बेहतरीन दम है. मिशेल स्टार्क क्या कर सकते हैं वो पूरा विश्व जानता है. अफगानिस्तान के बल्लेबाजों के लिए इस गेंदबाज का सामना करना किसी भी तरह से आसान नहीं होगा. स्टार्क को दूसरे छोर से समर्थन देने के लिए जेसन बेहरनडॉर्फ, नाथन कल्टर नाइल, पैट कमिंस हैं. स्पिन में एडम जाम्पा और नाथन लॉयन ऑस्ट्रेलिया के लिए अहम किरदार निभा सकते हैं.