भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी ऑफ स्पिनर हरभजन सिंह के बाद अब पूर्व ऑलराउंडर युवराज सिंह ने टीम इंडिया के पूर्व कोच ग्रैग चैपल को आड़े हाथों लिया है. युवराज ने हरभजन के ट्वीट के जवाब में चैपल पर परोक्ष रूप से निधाना साधते हुए लिखा, ‘एमएसडी (धोनी) और युवी अंत में कोई छक्का नहीं, नीचे शॉट मारो.’ Also Read - IPL 2021: तस्वीरें देखें- जीत की पटरी पर दौड़ी चेन्नई एक्सप्रेस, राजस्थान रॉयल्स को हराकर प्वॉइंट्स टेबल में नंबर 2

विवादों से भरा रहा था चैपल का कोचिंग कार्यकाल  Also Read - IPL 2021, CSK vs RR, Highlights: चेन्‍नई सुपर किंग्‍स ने 45 रन से दर्ज की जीत, अंकतालिक में इस स्‍थान पर बनाई जगह

चैपल 2005 से 2007 तक भारतीय क्रिकेट टीम के कोच रहे थे. उनका कार्यकाल विवादों से भरा रहा और कई सीनियर खिलाड़ियों के साथ उनके मतभेद रहे जिसमें तत्कालीन कप्तान और मौजूदा समय में बीसीसीआई के अध्यक्ष सौरव गांगुली भी शामिल थे. Also Read - IPL 2021, Chennai Super Kings vs Rajasthan Royals: संजू सैमसन ने टॉस जीत चुनी फील्डिंग, जानिए दोनों टीमों की Playing XI

हरभजन ने भारत के कोच रह चुके चैपल के कार्यकाल को भारतीय क्रिकेट के सबसे बुरे दिनों में बताया था. चैपल ने एक आर्टिकल में धोनी के बारे में कहा था कि वह धोनी को गेंद को नीचे रखकर मारने की सलाह देते थे.

हरभजन बोले- कोच उस समय सभी को स्टेडियम के बाहर भेज रहे थे 

इसके बाद हरभजन ने ट्वीट किया था, ‘उन्होंने धोनी से गेंद को नीचे रखकर मारने की सलाह दी क्योंकि कोच उस समय सभी को स्टेडियम के बाहर भेज रहे थे. वह अलग ही गेम खेल रहे थे.’

चैपल ने ये बात कही थी 

चैपल ने प्लेराइट फाउंडेशन के साथ फेसबुक पेज पर बात करते हुए कहा, ‘मुझे याद है कि जब मैंने उनको (धोनी को) पहली बार बल्लेबाजी करते देखा तो मैं हैरान रह गया था. उस समय वह भारत में सबसे चमकदार क्रिकेट खिलाड़ी थे. वह काफी अलग तरह से पोजीशन में आकर गेंद को मारते थे. मैंने जितने भी बल्लेबाज देखे हैं, उनमें से वो सबसे ताकतवर हैं.’

जब धोनी को छक्का जड़ने से रोका 

उन्होंने कहा, ‘मुझे उनकी श्रीलंका के खिलाफ खेली गई 183 रनों की पारी याद है. उनकी ताकतवर बल्लेबाजी उस समय बेहतरीन थी. अगला मैच पुणे में था और मैंने धोनी से कहा था कि आप हर गेंद को सीमारेखा के पार पहुंचाने के बजाए शॉट नीचे रखकर क्यों नहीं खेलते. अगले मैच में हम तकरीबन 260 रनों के लक्ष्य का पीछा कर रहे थे और अच्छी स्थिति में थे. धोनी ने कुछ दिन पहले जो बल्लेबाजी की थी, वह उससे उलट बल्लेबाजी कर रहे थे.’

चैपल ने कहा, ‘हमें 20 रन चाहिए थे और धोनी ने 12वें खिलाड़ी आरपी सिंह के जरिए मुझसे छक्का मारने को पूछा था. मैंने कहा, तब तक नहीं जब तक लक्ष्य एक अंक में नहीं आ जाता. फिर जब हमें छह रन की जरूरत थी तो उन्होंने छक्का मारकर मैच समाप्त कर दिया.’