भारतीय कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की क्रिकेट सलाहकार समिति (सीएसी) ने राष्ट्रीय चयनसमिति के 2 पदों को भरने के लिए कर्नाटक के वेंकटेश प्रसाद और सुनील जोशी को इंटरव्यू के लिए बुधवार को बुलाया है. ये दोनों पांच उम्मीदवारों में शामिल हैं. पूर्व भारतीय स्पिनरों लक्ष्मण शिवरामाकृष्णन और राजेश चौहान तथा मध्यम गति के गेंदबाज हरविदंर सिंह को भी साक्षात्कार के लिए बुलाया गया है. समिति में पूर्व भारतीय क्रिकेटर मदन लाल, आर पी सिंह और सुलक्षणा नाइक शामिल हैं. निर्वतमान चयन समिति के अध्यक्ष एमएसके प्रसाद और उनके साथी गगन खोड़ा के स्थान पर नये चयनकर्ताओं को चुना जाएगा. Also Read - अंबाती रायडू को वर्ल्ड कप टीम से बाहर किए जाने को लेकर गंभीर और एमएसके प्रसाद में हुई तीखी बहस

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इन दो पदों के लिये कुल 44 आवेदन मिले थे. आवेदकों में पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज अजित अगरकर भी शामिल थे जिन्हें इस पद के लिये प्रमुख दावेदार माना जा रहा था. पूर्व विकेटकीपर नयन मोंगिया ने भी आवेदन किया था. Also Read - VIDEO: विश्‍व कप 1996 में वेंकटेश प्रसाद द्वारा लिए गए इस विकेट को विराट कोहली मानते हैं सर्वश्रेष्‍ठ

बीसीसीआई एक अधिकारी ने पीटीआई से कहा, ‘अगरकर के नाम पर भी विचार किया गया लेकिन आखिर में सीएसी ने शिवा, प्रसाद, चौहान, जोशी और हरविंदर को बुलाने का फैसला किया. तीन अन्य चयनकर्ताओं (जतिन परांजपे, शरणदीप सिंह और देवांग गांधी) का कार्यकाल समाप्त होने के बाद उनके नाम पर विचार किया जा सकता है.’

अगरकर का नहीं चुना जाना इस बात का संकेत है कि बोर्ड राष्ट्रीय चयनकर्ताओं के लिये मौजूदा क्षेत्रीय नीति पर कायम रह सकता है.

अगर ऐसा होता है तो पंजाब और रेलवे की तरफ से खेलने वाले हरविंदर को खोड़ा की जगह मध्य क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने के लिए चुना जा सकता है जबकि शिवरामाकृष्णन, प्रसाद और जोशी में से किसी एक को एमएसके प्रसाद की जगह दक्षिण क्षेत्र के लिए प्रतिनिधि के रूप में चयनसमिति में रखा जा सकता है.

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अधिकारी ने कहा, ‘भारत बहुत बड़ा देश है और क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व जरूरी है.’ वेंकटेश प्रसाद को इस पद पर कुछ अनुभव है. वह जूनियर चयन पैनल का हिस्सा रह चुके हैं. इस 50 वर्षीय खिलाड़ी ने 33 टेस्ट और 161 वनडे खेलकर क्रमश: 96 और 196 विकेट लिये हैं.

पचास वर्षीय शिवरामाकृष्णन ने नौ टेस्ट और 16 वनडे जबकि हरविंदर ने तीन टेस्ट और 16 वनडे खेले हैं. दौड़ में शामिल दो अन्य उम्मीद्वारों चौहान और जोशी ने क्रमश: 21 टेस्ट और 35 वनडे तथा 15 टेस्ट और 69 वनडे खेले हैं. नई चयनसमिति दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 12 मार्च से शुरू होने वाली तीन एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों के लिए टीम का चयन करेगी.