नई दिल्ली : आकाश मलिक युवा ओलंपिक खेलों की तीरंदाजी स्पर्धा में रजत पदक जीतने वाले पहले भारतीय बन गए और उनके पदक से साथ ही भारत ने इन खेलों से अपने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के साथ विदा ली. एक किसान के पुत्र 15 वर्षीय आकाश को फाइनल में अमेरिका के ट्रेंटन कोलेस ने 6.0 से हराया. भारत ने इन खेलों में तीन स्वर्ण, नौ रजत और एक कांस्य पदक जीता. Also Read - कीवी कोच ने कहा, अगर इंग्लैंड के पास जोफ्रा आर्चर है तो हमारे पास लोकी फर्ग्यूसन है

Also Read - R Madhavan के बेटे वेदांत ने Asian Games में जीता सिल्वर मेडल, अभिषेक बच्चन ने ऐसे किया विश

क्वालीफिकेशन के बाद पांचवीं वरीयता प्राप्त आकाश फाइनल में लय कायम नहीं रख सके. कोलेस ने सिर्फ दस और नौ में स्कोर करके आसानी से जीत दर्ज की. तीन सेटों के मुकाबले में दोनों ने चार बार परफेक्ट 10 स्कोर किया लेकिन आकाश ने पहले और तीसरे सेट में दो बार सिर्फ छह स्कोर किया. Also Read - मुक्केबाज अमित पंघाल ने कायम की मिसाल, कहा- मुझे पुरस्कार मत दो, लेकिन मेरे कोच को सम्मानित करो

INDvsWI: वनडे सीरीज से पहले वेस्टइंडीज को झटका, टीम के दिग्गज खिलाड़ी ने खेलने से किया मना

आकाश ने कहा, ‘‘मैंने तेज हवाओं में अभ्यास किया था लेकिन यहां हवा बहुत तेज थी. कोलेस दमदार प्रतिद्वंद्वी था और मेरे पास कोई मौका नहीं था.’’

इससे पहले अतुल वर्मा ने 2014 में नानजिंग में हुए खेलों में कांस्य पदक जीता था. आकाश ने छह साल पहले तीरंदाजी शुरू की जब शारीरिक ट्रेनर और तीरंदाजी कोच मनजीत मलिक ने उसे ट्रायल के दौरान चुना. आकाश के पिता नरेंदर मलिक गेहूं और कपास की खेती करते हैं लेकिन वह कभी नहीं चाहते थे कि उनका बेटा किसान बने.

भारत का ऑस्ट्रेलिया दौरा स्मिथ-वॉर्नर की गैरमौजूदगी में भी होगा चुनौतीपूर्ण, भुवनेश्वर ने बतायी वजह

आकाश ने पिछले साल युवा ओलंपिक क्वालीफाइंग टूर्नामेंट में स्वर्ण पदक जीता था. उसने एशिया कप पहले चरण में स्वर्ण, दूसरे में दो कांस्य और दक्षिण एशियाई चैम्पियनशिप में एक रजत और एक कांस्य पदक जीता था.