नई दिल्ली. मुकाबला बड़ा है… कोई बात नहीं. दबाव ICC टूर्नामेंट का है… ओ जी गल नहीं. अपना सड्डा गब्बर है न. पाकिस्तान के खिलाफ एशिया कप के सुपर फोर मुकाबले में शिखर धवन ने ज्यों ही अपना सैंकड़ा पूरा किया, उन्होंने एक बार फिर से ये साबित कर दिया कि वो सही मायनों में बड़े मुकाबले के महारथी हैं. दरअसल, इस बेजोड़ शतक के साथ धव वर्ल्ड क्रिकेट के पहले ऐसे बल्लेबाज बन गए हैं जिसके नाम एशिया कप, वर्ल्ड कप और चैम्पियंस ट्रॉफी में कम से कम 2 शतक दर्ज हैं.

पाकिस्तान के खिलाफ पहला शतक

शिखर धवन ने पाकिस्तान के खिलाफ 95 गेंदों पर अपना शतक पूरा किया जो कि एशिया कप 2018 में उनके बल्ले से निकला दूसरा शतक है. ये उनके वनडे करियर का 15 वां शतक है जबकि पाकिस्तान के खिलाफ निकला पहला वनडे शतक है. कमाल की बात ये है कि शिखर धवन क्रिकेट के बड़े टूर्नामेंटों में सिर्फ शतक ही नहीं जड़ रहे बल्कि वो इस ओर सबसे तेज अपने कदम भी बढ़ाते दिख रहे हैं.

बड़े टूर्नामेंटों में तेजी से जड़ रहे हैं शतक

एशिया कप, वर्ल्ड कप और चैम्पियंस ट्रॉफी को मिलाकर शिखर धवन अब तक 26 पारियों में 7 शतक ठोक चुके हैं. वो अब सनथ जयसूर्या और कुमार संगकारा के 10 शतकों के रिकॉर्ड से बस 3 शतक पीछे हैं. जयसूर्या ने 81 पारियों में 10 शतक जमाए हैं जबकि संगकारा ने 79 पारियों का सहारा लिया है. इन दोनों श्रीलंकाई बल्लेबाजों के बाद सचिन तेंदुलकर के 79 पारियों में 9 शतक हैं वहीं सौरव गांगुली ने 44 पारियों में 8 शतक ठोके हैं. यानी शिखर धवन फिलहाल चौथे पायदान पर हैं. लेकिन अगर पारी के अंतर को देखें तो लगता है कि आने वाले दिनों में धवन न सिर्फ संगाकारा और जयसूर्या का रिकॉर्ड तोड़ेंगे बल्कि वो बड़े टूर्नामेंटों में सबसे तेज 10 शतक पूरे करने वाले बल्लेबाज भी बनेंगे.

INDvsPAK: रोहित-धवन की साझेदारी ने तोड़ा रिकॉर्ड, डीकॉक-अमला को पीछे छोड़ा

सबसे तेज 15 शतक ठोकने वाले तीसरे बल्लेबाज

शिखर धवन ने 108वीं वनडे पारी में 15 शतक पूरे किए. उनसे जल्दी ये कारनामा हाशिम अमला(86) और विराट कोहली(106) पारियों में किया था. शिखर धवन ने 143 पारियों में 15 शतक लगाने वाले पाकिस्तान के पूर्व ओपनर सईद अनवर को पछाड़ा.

गांगुली के बाद धवन का नंबर

इसके अलावा धवन भारत के लिए सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले दूसरे बाएं हाथ के बल्लेबाज बन गए हैं. बाएं हाथ के बल्लेबाजों की लिस्ट में भारत के लिए सबसे ज्यादा 22 शतक सौरव गांगुली ने लगाए हैं. युवराज सिंह ने 14 बार ये कारनामा किया है.