अब तक नस्लवाद के खिलाफ चल रहे अभियान ब्लैक लाइव्स मैटर (Black Lives Matter) अभियान के प्रति समर्थन दिखाने के लिए घुटने टेकने से बच रही ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट टीम (Australia) भारत के खिलाफ वनडे सीरीज के पहले मैच के दौरान शुक्रवार को सिडनी क्रिकेट ग्राउंड (SCG) पर नस्लवाद के खिलाफ नंगे पैर घेरा बनाकर (बेयरफुट सर्कल) अपना विरोध दर्ज कराएगी।Also Read - भारत ने इंडोनेशिया को 16-0 से रौंदा, Asia Cup 2022 के सुपर-4 में प्रवेश

ऑस्ट्रेलियाई टीम जब इस साल इंग्लैंड दौरे पर गई थी, उसकी टीम ने नस्लवाद के विरोध को गंभीरता से नहीं लिया था और इसके लिए उसकी कड़ी आलोचना हुई थी। वेस्टइंडीज के दिग्गज तेज गेंदबाज माइकल होल्डिंग ने इंग्लैंड दौरे पर घुटने के बल बैठकर नस्लवाद का विरोध नहीं करने पर एरोन फिंच और इंग्लैंड के कप्तान इयोन मोर्गन को कड़ी फटकार लगाई थी। Also Read - चीन ने Quad Summit के दौरान क्यों उड़ाया जापान के आसमान पर बम बर्षक विमानों को, क्या क्वाड से डर गया या डरा रहा?

फिंच ने तब कहा था कि इसके लिए खास इशारों की जरूरत नहीं है। हालांकि अब ऑस्ट्रेलियाई नेतृत्वकर्ताओं ने नस्लवाद के खिलाफ नंगे पैर घेरा बनाकर (बेयरफुट सर्कल) अपना विरोध दर्ज कराने का फैसला किया है। Also Read - वैष्णवी फाल्के को बड़ी जिम्मेदारी, भारत की 20 सदस्यीय जूनियर महिला टीम की अगुआई करेंगी

फिंच ने गुरुवार को मीडिया से कहा, “कप्तान के रूप में हमने बैठकर इस पर टीम के साथ बात की है। कई लोगों ने इसका समर्थन किया है। मुझे लगता है कि स्वदेशी लोगों से जुड़ने का ये एक अच्छा तरीका है। हमारे खेल और हमारे समाज में नस्लवाद के प्रति स्पष्ट रूप से शून्य सहिष्णुता है और वैसे भी ये होना चाहिए।”

फिंच ने कहा कि ब्लैक लाइव्स मैटर (BLM) आंदोलन से संबंधित ये कदम ना केवल लोगों को बल्कि पूरी टीम को इतिहास में हुई गलतियों के बारे में शिक्षित करेगा। उन्होंने कहा, “ये शिक्षित करने के बारे में है, खुद को और अपनी टीम को। हम ऑस्ट्रेलिया में पिछले 240 सालों में कथित अन्याय के बारे में बहुत कुछ सीखने की शुरुआत कर सकते हैं। मुझे लगता है कि मैं कुछ जागरूकता ला सकता हूं।”