कोरोना वायरस की वजह से दुनिया भर की कई खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन रद्द किया जा चुका है, क्रिकेट भी इसे अलग नहीं है। पूरा अंतरराष्ट्रीय सीजन रद्द होने के बाद क्रिकेट बोर्ड्स को आर्थिक तौर पर काफी नुकसान हुआ और इसका प्रभाव खिलाड़ियों को मिलने वाले वेतन पर पड़ रहा है। Also Read - ENG vs WI, 1st Test: 143 साल के क्रिकेट इतिहास में पहली पर होगा बिना दर्शकों के टेस्‍ट

इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड (ECB) की तरफ से हाल ही में ये खबर आई थी कि 28 मई तक पेशेवर क्रिकेट रद्द होने के बाद वो खिलाड़ियों के वेतन में कटौती करेंगे। वहीं ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटरों के वेतन में कटौती हो सकती है क्योंकि क्रिकेट आस्ट्रेलिया (CA) पुरूष और महिला राष्ट्रीय टीमों के सालाना कॉन्ट्रेक्ट देने में देरी कर रहा है। हालांकि ऑस्ट्रेलियाई टेस्ट टीम के कप्तान टिम पेन (Tim Paine) का मानना है कि मौजूदा हालात को देखते हुए वित्तीय कटौती बहुत छोटी चीज है और वो अपनी ओर से योगदान देन के लिए तैयार हैं। Also Read - IPL 2020 का दूसरे देश में होना लगभग तय, BCCI अध्यक्ष सौरव गांगुली के इस बयान से हुआ साफ

‘ईएसपीएन क्रिकइंफो’ ने पेन के हवाले से लिखा, ‘‘निश्चित तौर पर अगले हफ्ते से चर्चाएं हफ्ते से शुरू हो जाएगी। अगर चीजें उसी तरह हुई जैसी फुटबाल में या बाकी खेलों में हुई हैं तो निश्चित रूप से हमें अपनी ओर से योगदान करना होगा ताकि सुनिश्चित कर सकें कि खेल बना रहे और आने वाले वर्षों में भी अच्छी तरह चलता रहे।’’ Also Read - Coronavirus In India Update: देश में संक्रमितों की संख्या 7 लाख के पार, कुल 20 हजार से अधिक लोगों की मौत

पेन ने कहा, ‘‘अगर ऐसा होता है तो मुझे पूरा भरोसा है कि खिलाड़ी ऐसा करना चाहेंगे। लेकिन हमारे खिलाड़ियों को कितना वेतन मिलेगा, इसकी तुलना में दुनिया में इस समय इससे भी बड़े मुद्दे चल रहे हैं। अगर ऐसा होता है तो ये हमारे लिए बहुत छोटी सी चीज है।’’

अगर पेन की टीम जून में बांग्लादेश पर सीरीज में 2-0 से जीत हासिल कर पाती तो वो विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में भारत को बार्डर-गावस्कर सीरीज से पहले पछाड़ सकती थी लेकिन कोरोना वायरस के संकट से क्रिकेट बंद करना पड़ा है और इस दौरे के भी आगे बढ़ने या रद्द होने की संभावना है।