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कैनबरा, 18 फरवरी | बांग्लादेश ने बुधवार को मनुका ओवल में अफगानिस्तान के खिलाफ हुए आईसीसी विश्व कप-2015 के सातवें और अपने पहले मुकाबले में 105 रनों से बड़ी जीत हासिल की। विश्व कप में पहली बार हिस्सा ले रही अफगानिस्तान टीम के बल्लेबाज बड़े मैच का दबाव नहीं सह सके और बांग्लादेश से मिले 268 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए पूरी टीम 42.5 ओवरों में 162 रन बनाकर ढेर हो गई। यह भी पढ़ें–विश्व कप : बांग्लादेश ने अफगानिस्तान को दिया 268 का लक्ष्य  Also Read - 'फ्रैक्‍चर के बावजूद असहनीय दर्द में खेलता रहा CWC 2015, माही भाई ने कहा था तुमें...'

अफगानिस्तान के लिए समीउल्लाह शेनवारी (42) और कप्तान मोहम्मद नबी (44) रही संघर्ष का जज्बा दिखा सके। लक्ष्य का पीछा करने उतरी अफगानिस्तान की शुरुआत बेहद खराब रही और मात्र तीन रन के योग पर उसके तीन बल्लेबाज पवेलियन लौट चुके थे। कप्तान मशरफे मुर्तजा ने बांग्लादेश को शानदार शुरुआत दिलाते हुए पहले ही ओवर में सलामी बल्लेबाज जावेद अहमदी (1) को और उसके बाद अपने अगले ही और मैच के तीसरे ओवर में असगर स्टानिकजई (1) को पवेलियन की राह दिखा दी। दूसरा ओवर लेकर आए रुबेल हुसैन ने भी अपनी पहली ही गेंद पर अफसर जजई (1) को पगबाधा कर दिया। यह भी पढ़ें– विश्व कप 2015: बांग्लादेश ने टॉस जीत चुनी बल्लेबाजी

इसके बाद नवरोज मंगल (27) और शेनवारी ने चौथे विकेट के लिए 62 रनों की साझेदारी कर टीम को कुछ हद तक संभालने की कोशिश की। महमुदुल्ला ने हालांकि 23वें ओवर की चौथी गेंद पर नवरोज को रुबेल के हाथों कैच कराकर यह साझेदारी तोड़ दी। शेनवारी भी इसके बाद ज्यादा देर नहीं टिक सके और दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से रन आउट होकर पवेलियन लौट गए। 25.4 ओवरों में 78 के कुल योग पर पांच विकेट गिर चुके थे और अफगानिस्तान बैकफुट पर नजर आने लगा था।

कप्तान मोहम्मद नबी ने हालांकि नजीबुल्ला जादरान (17) के साथ छठे विकेट के लिए 58 रनों की साझेदारी कर एक बार फिर अफगानिस्तान की उम्मीदों को सींचना शुरू किया। लेकिन अफगास्तिान को झटका देने की बारी इस बार बांग्लादेश के सर्वश्रेष्ठ हरफनमौला शाकिब अल हसन की थी।

शाकिब की गेंद पर जादरान 136 के कुल योग पर पगबाधा करार दिए गए और इसी के साथ अफगानिस्तान की पारी समापन की ओर बढ़ चली। इसके बाद अगले लगभग छह ओवरों में अफगानिस्तान 26 रन जोड़ सका और शेष चार विकेट गंवा दिए।

बांग्लादेश के लिए मुर्तजा ने तीन और शाकिब ने दो विकेट चटकाए, जबकि अफगानिस्तान के दो बल्लेबाज रन आउट होकर पवेलियन लौटे।

इससे पहले बांग्लादेश ने टॉस जीतकर बल्लेबाजी चुनी तथा शकिब (63) और मुशफिकुर रहीम (71) के बीच पांचवें विकेट के लिए हुई शतकीय साझेदारी की बदौलत निर्धारित 50 ओवरों में 267 रनों का सम्मानजनक स्कोर बनाया। हालांकि अफगानिस्तान को अपने सारे विकेट गंवाने पड़े।

बांग्लादेश के बल्लेबाजों ने सधी शुरुआत की हालांकि अफगानिस्तान के गेंदबाजों ने अनुभव की कमी का अहसास नहीं होने दिया और जल्द-जल्द विकेट न हासिल करने के बावजूद बांग्लादेश के बल्लेबाजों को खुलकर खेलने से रोके रखा।

बांग्लादेश ने एक समय 29.1 ओवरों में विकेट तो चार ही गंवाए थे, लेकिन रन भी सिर्फ 119 ही बन सका था। लेकिन इसके बाद शाकिब और मुशफिकुर के बीच 7.35 के औसत से 114 रनों की साझेदारी हुई जिसने बांग्लादेश को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया।

दोनों ही बल्लेबाजों ने शानदार अर्धशतक लगाया। शाकिब 51 गेंदों में छह चौके और एक छक्का लगाने के बाद 233 के योग पर क्लीन बोल्ड होकर पवेलियन लौटे। शाकिब का विकेट हामिद हसन ने लिया। शाकिब के जाने के बाद मुशफिकुर भी जल्द ही कप्तान मोहम्मद नबी की गेंद पर समीउल्लाह शेनवारी को कैच थमा पवेलियन लौट गए। मुशफिकुर ने इस बीच 56 गेंदों में छह चौके और एक छक्का लगाया।

शाकिब का विकेट गिरने के बाद हालांकि अफगानिस्तान के गेंदबाजों ने एक बार फिर अच्छी वापसी की और आखिरी के पांच ओवरों में बांग्लादेश के शेष पांच विकेट भी चटका डाले।

बांग्लादेश का आखिरी विकेट पारी की आखिरी गेंद पर तस्कीन अहमद (1) के रूप में गिरा। बांग्लादेश इन आखिरी पांच ओवरों में 34 रन बना सका।

अफगानिस्तान की ओर से शापुर जादरान और मिरवाइज अशरफ ने बहुत ही कसी हुई गेंदबाजी की और क्रमश: 2.85 और 3.55 की इकॉनमी से रन देते हुए दो-दो विकेट चटकाए। हामिद हसन और आफताब आलम ने भी दो-दो विकेट हासिल किए।