नई दिल्ली : ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी कैमरन बेनक्रॉफ्ट ने शनिवार को कहा कि गेंद से छेड़खानी मामले के बाद से वह पूरी तरह बदल चुके हैं और योग प्रशिक्षक बनने के लिये क्रिकेट छोड़ने की सोच रहे थे. दक्षिण अफ्रीका में हुए गेंद से छेड़खानी विवाद के बाद सलामी बल्लेबाज बेनक्रॉफ्ट पर नौ महीने का प्रतिबंध लगाया गया था. तत्कालीन कप्तान स्टीव स्मिथ और उपकप्तान डेविड वॉर्नर पर एक साल का प्रतिबंध लगाया गया. Also Read - कोच रवि शास्त्री ने उठाए सवाल 'शीर्ष से नंबर-3 पर कैसे आई भारतीय टीम'; ICC के नियमों की आलोचना की

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स्मिथ ने सिडनी में प्रेस कॉन्फ्रेंस की जबकि बेनक्रॉफ्ट ने भी प्रतिबंध खत्म होने से एक सप्ताह पहले चुप्पी तोड़ी. उसने खुद को लिखे लंबे पत्र में उस घटना के बाद से अब तक के अपने जज्बाती सफर का जिक्र किया. यह पत्र वेस्ट ऑस्ट्रेलिया अखबार में छपा है. Also Read - IPL 2021: ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटरों का बड़ा फैसला, IPL के दौरान नहीं करेंगे फास्ट फूड, शराब और तंबाकू का विज्ञापन

इसमें उसने बताया कि कोच जस्टिन लैंगर और एडम वोजेस का उस पर कितना प्रभाव है. उसने यह भी कहा कि क्रिकेट से दूर रहते हुए योग उसके जीवन का अभिन्न अंग बन गया और उसने योग प्रशिक्षक बनने के लिये खेल छोड़ने का मन बना लिया था.

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बेनक्रॉफ्ट ने लिखा, ‘‘शायद क्रिकेट तुम्हारे लिये नहीं है. खुद से पूछो. क्या तुम वापसी करोगे. योग से संतोष मिलता है.’’ बाद में उसने क्रिकेट में वापसी का फैसला किया और 30 दिसंबर को पर्थ स्कोरचर्स के लिये बिग बैश टी20 लीग का पहला मैच खेलेगा.