साउथम्पटन। चेतेश्वर पुजारा ने दूसरे छोर से विकेट गिरने के बावजूद एक छोर संभाले रखा और शानदार शतक जमाकर टीम इंडिया की वापसी कराई. पुजारा ने अपना शतक तब जमाया जब भारत के नौ विकेट गिर चुके थे और उनका साथ जसप्रीत बुमराह दे रहे थे. पुजारा ने 214 गेंदों पर अपना शतक पूरा किया. टेस्ट मैचों में पुजारा का ये 15वां शतक है. ट्रेंटब्रिज टेस्ट में भी पुजारा ने अहम पारी खेलकर टीम को जीत दिलाई थी. इंग्लैंड की तरफ से मोईन अली ने 5 विकेट हासिल कर टीम इंडिया की कमर तोड़ दी. लेकिन पुजारा ने एक छोर थामा रखा और पुछल्ले बल्लेबाजों के साथ पारी को आगे बढ़ाया. अपनी इस पारी के दम पर पुजारा इस सीरीज में कप्तान विराट कोहली के बाद सबसे ज्यादा रन बनाने वाले दूसरे बल्लेबाज बन गए. पुजारा स्टुअर्ट ब्राड की गेंद पर एलिस्टेयर कुक के हाथों स्पिल पर लपके गए. उन्होंने 132 रनों की पारी खेली. पुजारा की पारी की बदौलत टीम इंडिया को पहली पारी में 27 रनों की बढ़त मिली.

भारत को 27 रनों की बढ़त 

पुजारा ने नाबाद 132 रन बनाए जिसमें 16 चौके शामिल हैं. उनकी इस बेहतरीन पारी से भारत अपनी पहली पारी में 273 रन बनाकर 27 रन और मनोवैज्ञानिक बढ़त हासिल करने में सफल रहा. अपनी पहली पारी में 246 रन बनाने वाले इंग्लैंड ने दूसरे दिन का खेल समाप्त होने तक अपनी दूसरी पारी में बिना किसी नुकसान के छह रन बनाये हैं और वह अभी भारत से 21 रन पीछे है. स्टंप उखड़ने के समय एलिस्टेयर कुक दो और कीटोन जेनिंग्स चार रन पर खेल रहे थे.

मध्यक्रम लड़खड़ाया

पुजारा ने आठवें ओवर में क्रीज पर कदम रखा और इसके बाद भारतीय पारी उन्हीं के इर्द गिर्द घूमती रही। उन्हें दूसरे छोर से कप्तान विराट कोहली (46) का अच्छा सहयोग मिला जिनके साथ उन्होंने तीसरे विकेट के लिये 92 रन जोड़े। इन दोनों के अलावा भारत का कोई भी अन्य बल्लेबाज 25 रन तक नहीं पहुंच पाया.इंग्लैंड के खिलाफ चौथे टेस्ट क्रिकेट मैच के दूसरे दिन आज यहां कप्तान विराट कोहली के आउट होने के बाद भारतीय मध्यक्रम लड़खड़ा गया. इंग्लैंड ने दूसरे सत्र में तीन विकेट लेकर अच्छी वापसी की. पुजारा और कप्तान विराट कोहली (46) ने तीसरे विकेट के लिये 92 रन की साझेदारी की लेकिन नियमित अंतराल में विकेट गंवाने से भारत की अच्छी बढ़त हासिल करने की उम्मीदों को झटका लगा.

ब्राड की जगह सैम कुरेन (29 रन देकर एक) ने गेंद थामी और कोहली उनकी आफ स्टंप से बाहर जाती गेंद को छेड़ने से खुद को नहीं रोक पाये. गेंद बल्ले को चूमकर पहली स्लिप में एलिस्टेयर कुक के सुरक्षित हाथों में चली गयी. कोहली ने अपनी 71 गेंद की पारी में छह चौके लगाये.

पुजारा ने इसी ओवर में एक रन लेकर अपना 19वां टेस्ट अर्धशतक पूरा किया लेकिन अजिंक्य रहाणे (11) किसी भी समय सहज नहीं दिखे. बेन स्टोक्स (23 रन देकर एक) के गेंदबाजी करने को लेकर संशय बना हुआ था लेकिन उन्होंने दूसरे सत्र में गेंद थामी और रहाणे को पगबाधा आउट किया. रहाणे ने डीआरएस लिया लेकिन इससे भी फायदा नहीं मिला जबकि लग रहा था कि स्टोक्स ने नोबॉल की थी. जो रूट ने इससे पहले रहाणे का कैच भी छोड़ा था.

पुजारा ने की जबरदस्त बल्लेबाजी

स्टोक्स की गेंद से माथे पर चोट लगने के बाद भी पुजारा आत्मविश्वास के साथ बल्लेबाजी करते दिखे. उन्होंने अब तक 151 गेंदें खेलकर नौ चौके लगाये हैं. विकेटकीपर बल्लेबाज पंत शुरू से जूझते नजर आये. उन्हें चाय के विश्राम से पहले आखिरी ओवर में मोईन अली (22 रन देकर एक) ने पगबाधा आउट किया. अपने आक्रामक तेवरों के लिये मशहूर पंत ने 29 गेंदें खेली लेकिन वह खाता नहीं खोल पाया.

भारत ने सुबह बिना किसी नुकसान के 19 रन से आगे खेलना शुरू किया. शिखर धवन (23) और केएल राहुल (19) ने अंतिम क्षणों में मिलने वाले मूवमेंट के प्रति सतर्कता बरती. जेम्स एंडरसन को खास मूवमेंट नहीं मिला जबकि ब्राड ने बायें हाथ के बल्लेबाज धवन को अपनी लेंथ से परेशान किया.

साउथम्पटन टेस्ट- भारतीय गेंदबाज चमके, कुरेन, मोईन ने इंग्लैंड को संभाला

ब्राड ने दिन के चौथे ओवर में राहुल को पगबाधा आउट किया. बल्लेबाज ने हालांकि डीआरएस का सहारा लिया लेकिन फैसला इंग्लैंड के पक्ष में गया. धवन के खिलाफ ब्राड की अपील ठुकरा दी गयी और यहां तक डीआरएस का फायदा भी बल्लेबाज को मिला. ब्राड को हालांकि जल्द ही उनका विकेट मिल गया. उन्होंने आफ स्टंप से बाहर जाती गेंदों पर धवन को परेशान किया और ऐसी ही एक गेंद पर बायें हाथ के इस बल्लेबाज ने विकेटकीपर को कैच दे दिया.

इसके बाद पुजारा और कोहली ने बखूबी जिम्मेदारी संभाली. कोहली ने इस बीच अपना छठा रन पूरा करते ही टेस्ट क्रिकेट में 6000 रन पूरे किये. वह यह उपलब्धि हासिल करने वाले भारत के दसवें और विश्व के 66वें बल्लेबाज हैं. कोहली ने 119वीं पारी में यह मुकाम हासिल किया और वह सुनील गावस्कर (117) के बाद सबसे कम पारियों में यह उपलब्धि करने वाले बल्लेबाज भी बन गये.