प्रशासकों की समिति (CoA) ने आईसीसी (ICC) से कहा है कि हाल में दुबई में हुई आईसीसी बोर्ड की बैठक में लिए गए फैसलों को बीसीसीआई नहीं मानेगा क्योंकि अमिताभ चौधरी (Amitabh Choudhary) भारत के अधिकृत प्रतिनिधि नहीं थे.Also Read - ICC ने बताया कब होगा टी20 वर्ल्‍ड कप 2022 के शेड्यूल का ऐलान, इस तारीख से टिकट खरीद सकेंगे फैन्‍स !

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चौधरी को सीओए ने आईसीसी की बैठक में भाग लेने से रोका था लेकिन उन्होंने शशांक मनोहर (Shashank Manohar) की अध्यक्षता वाली आईसीसी के न्यौते पर नीतिगत फैसलों के लिए मतदान में भाग लिया .

हर तीन साल में वनडे विश्व कप कराने का प्रस्ताव खारिज 

आईसीसी बोर्ड ने अगले आठ साल के चक्र के लिए दो टी20 विश्व कप और 50 ओवरों के दो विश्व कप के अलावा अतिरिक्त वैश्विक टूर्नामेंट (50 ओवरों के प्रारूप में छह देशों का टूर्नामेंट) को मंजूरी दी थी.

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सदस्यों ने हर तीन साल में वनडे विश्व कप कराने के प्रस्ताव को खारिज कर दिया था.

सीओए ने तल्ख लहजे में आईसीसी के मुख्य कार्यकारी मनु साहनी (Manu Sawhney)को लिखे पत्र में कहा, ‘सीओए आईसीसी की बैठक में अमिताभ चौधरी को बीसीसीआई का अधिकृत प्रतिनिधि नहीं मानता. बीसीसीआई उनके द्वारा बीसीसीआई की ओर से लिए गए किसी फैसले को नहीं मानता और ना ही आईसीसी के किसी फैसले को मानने के लिये बाध्य है.’