भारत के अनुभवी गोल्फर जीव मिल्खा सिंह (Jeev Milkha Singh) ने बुधवार को कहा कि कोरोना वायरस महामारी से टूर्नामेंटों का रद्द होना उन युवा खिलाड़ियों के लिए काफी कठिन है जिनके करियर अभी भी शुरू हुए हैं। Also Read - 916 तब्लीगी जमातियों के खिलाफ दिल्ली पुलिस लेगी बड़ा एक्शन, इन आरोपों के तहत दायर होगी चार्जशीट

कोरोना महामारी के कारण दुनिया भर में डेढ़ लाख से अधिक लोग मारे गए हैं और 25 लाख से अधिक संक्रमित है। भारत में 600 जानें जा चुकी हैं और 19,000 से अधिक लोग संक्रमित हैं। Also Read - कोहली-स्मिथ जैसा बल्लेबाज बनने के करीब हैं बाबर आजम : मिसबाह उल हक

चार बार के यूरोपीय टूर चैंपियन जीव ने कहा, ‘‘ये उन खिलाड़ियों के लिये काफी कठिन समय है जिनका करियर अभी शुरू हुआ है। उन्हें खुद को साबित करना है, टूर्नामेंट जीतने हैं और आजीविका भी कमानी है। ये युवा गोल्फर अभी पेशेवर बने हैं और इन्हें पैसा भी कमाना है और ज्यादा खेलना भी है लेकिन अभी मौके ही नहीं है। हम तो कई साल से खेल रहे हैं लेकिन जो युवा खिलाड़ी हैं, उन्हें मौके नहीं मिल पाएंगे।’’ Also Read - Air India Ticket Booking New Rule: सुप्रीम कोर्ट का आदेश- विमान में इस सीट की बुकिंग जल्द ही होगी बंद

ग्वांग्झू एशियाई खेल 2010 में टीम रजत जीतने वाले राहुल बजाज ने कहा, ‘‘यदि ये लंबा चला तो प्रो टूर को काफी झटका लगेगा। हालात सामान्य होने पर भी टूर्नामेंट आयोजित करना और प्रायोजक तलाशना कठिन होगा क्योंकि कारपोरेट जगत को काफी नुकसान हुआ है।’’

पटना के गोल्फर अमन राज ने कहा, ‘‘हमारे पास कई महीने से नौकरियां नहीं है। हम अच्छा खेलकर पैसा कमाना चाहते थे लेकिन गोल्फ पर ही निर्भर रहने वाले उदीयमान खिलाड़ियों पर कोरोना महामारी की गाज गिरी है। हालात नहीं सुधरे तो परेशानी और बढ़ जाएगी।’’