हाल ही में दिल्ली कैपिटल्स (DC) और कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के बीच हुए मैच में रविचंद्रन अश्विन (Ravichandran Ashwin) के साथ केकेआर के कप्तान इयोन मोर्गन (Eoin Morgan) और टिम साउदी (Tim Southee) के बीच हुई तीखी नोंक-झोंक तो आपको याद ही होगी. इस मैच के दौरान और मैच के बाद मैच से ज्यादा दोनों खिलाड़ियों के इस झगड़े की चर्चा खूब है. अब रविचंद्रन अश्विन ने इस मामले पर अपना पक्ष रखा है.Also Read - IPL 2022 मेगा ऑक्शन से पहले 4 खिलाड़ियों को रीटेन करने की इजाजत दे सकती है BCCI

रविचंद्रन अश्विन (Ravichandran Ashwin) ने गुरुवार को अपने टि्वटर हैंडल पर इयोन मोर्गन (Eoin Morgan) और टिम साउदी (Tim Southee) से ‘अपमानजनक शब्दों’ का इस्तेमाल नहीं करने और उन्हें नैतिकता का पाठ पढ़ाने से बाज आने के लिए कहा है. Also Read - T20 World Cup 2021: खराब फॉर्म से जूझ रहे Eoin Morgan, विश्व कप में Playing XI से रह सकते हैं बाहर!

दरअसल दिल्ली कैपिटल्स ( DC) और कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के बीच मंगलवार को आईपीएल के मैच के दौरान जब राहुल त्रिपाठी (Rahul Tripathi) का एक थ्रो बल्लेबाज रिषभ पंत (Rishabh Pant) से टकराकर निकल गई, जिस पर अश्विन ने अतिरिक्त रन लेने का प्रयास किया. इस पर मोर्गन और अश्विन की बहस हो गई. Also Read - VIDEO: CSK को चौथा खिताब जिता घर लौटे रुतुराज गायकवाड़; मां ने कुछ इस अंदाज में किया स्वागत

मोर्गन ने अश्विन पर खेल भावना का पालन नहीं करने का आरोप लगाया, जबकि एमसीसी के नियमों के तहत बल्लेबाज के शरीर से लगकर गेंद जाने के बाद रन लेना अवैध नहीं है.

वर्ल्ड कप 2019 फाइनल में भी बेन स्टोक्स (Ben Stokes) के बल्ले से टकराकर गेंद गई थी तो इंग्लैंड को चार रन मिले थे, जिसे अंपायरों ने ओवर थ्रो करार दिया और इंग्लैंड ने वह ऐतिहासिक मैच टाई होने के बाद सुपरओवर से अपना पहला वर्ल्ड कप खिताब जीता था.

लेकिन मंगलवार को एक बार फिर ऐसा ही वाक्या घटा तो मॉर्गन अश्विन से उलझ गए. अश्विन के आउट होने पर तेज गेंदबाज साउदी ने कहा, ‘बेईमानी करने पर यही होता है.’ अश्विन ने सिलसिलेवार ट्वीट करके साफ तौर पर कहा कि अगर दोबारा गेंद बल्लेबाज से टकराकर जाएगी तो वह फिर रन लेंगे.

उन्होंने कहा, ‘मैंने फील्डर का थ्रो देखा और रन भागना चाहा. उस समय मैंने नहीं देखा था कि गेंद रिषभ को लगी है. यदि देखा होता तो भी भागता क्योंकि नियमों में यह मान्य है. मोर्गन के अनुसार मैने नियमों का पालन नहीं किया लेकिन यह गलत है.’

उन्होंने कहा, ‘मैंने लड़ाई नहीं की बल्कि अपना बचाव किया. मेरे शिक्षकों और माता पिता ने मुझे यही सिखाया है और अपने बच्चों को भी आप खुद के लिए खड़े होना सिखाइए.’

अश्विन ने कहा, ‘मोर्गन और साउदी अपने अनुसार नियम बनाते हैं कि क्या सही है और क्या गलत. उन्हें दूसरों को नैतिकता का पाठ पढ़ाने और अपमानजनक शब्दों के इस्तेमाल का हक नहीं है.’

अश्विन ने कहा, ‘मैं इससे ज्यादा हैरान इस बात से हूं कि लोग इस पर बहस कर रहे हैं और यह जताने की कोशिश कर रहे हैं कि कौन अच्छा है और कौन बुरा. मैं सिर्फ इतना समझता हूं कि मैदान पर अपना सब कुछ दे दो और नियमों के भीतर खेलो. इसके बाद खेल खत्म होने पर हाथ मिला लो और यही खेल भावना मेरी समझ में आती है.’