पूर्व दिग्गज क्रिकेटर माइकल होल्डिंग (Michael Holding) का कहना है कि पैसे कमाने की होड़ में दुनिया भर के बोर्ड ज्यादा से ज्यादा क्रिकेट खेलते हैं और कोरोना वायरस की वजह से मिले इस ब्रेक का इस्तेमाल इसका आत्मविश्लेषण करने के लिए करना चाहिए। पूर्व तेद गेंदबाज ने कहा कि ये जानना जरूरी है कि क्रिकेट सही दिशा में जा रहा है या नहीं। Also Read - HC ने दिल्‍ली सरकार से पूछा, क्या AAP MLA इमरान हुसैन को ‘रिफिलर’के जरिए ऑक्सीजन की आपूर्ति की गई?

क्रिकेटर से कमेंटेटर बने 66 साल के होल्डिंग ने ‘ईएसपीएनक्रिकइंफो’ से कहा, ‘‘इस ब्रेक का इस्तेमाल खेल पर गौर करने के लिए करें, ये देखने के लिए कि प्रशासकों, खिलाड़ियों के साथ क्या हो रहा है और सोचिए क्या हम सही दिशा में आगे जा रहे हैं? हमारे खेल के साथ क्या सब कुछ सही है? निजी तौर पर मुझे ऐसा लगता है।’’ Also Read - Aligarh Muslim University में कोरोना के नए वेरिएंट की आशंका! 26 प्रोफेसरों की मात्र 20 दिन में मौत

उन्होंने कहा, ‘‘हर व्यक्ति हर संभावित डालर कमाने की कोशिश में जुटा है। लेकिन क्या हम थोड़ी देर रुक सकते हैं और बैठकर देख सकते हैं कि क्या सब कुछ ठीक है? काफी क्रिकेट खेला जा रहा है।’’ Also Read - Sourav Ganguly का ऐलान, Covid-19 से खेल प्रभावित होने के बावजूद घरेलू क्रिकेटर्स को दी जाएगी पूरी सैलरी

होल्डिंग ने कहा कि कभी ना कभी प्रशासकों को क्रिकेट दोबारा शुरू करने का फैसला करना होगा और अगर जरूरी हुआ तो खाली स्टेडियम में।

उन्होंने कहा, ‘‘काफी प्रशासकों को पता चल गया है कि प्रसारणकर्ताओं की संतुष्टि के लिए उन्हें खेल का कोई ना कोई प्रारूप शुरू करना होगा। लेकिन प्रसारणकर्ताओं को अगर वह चीज नहीं मिलेगी जिसके लिए वह भुगतान कर रहे हैं तो वे अपना पैसा वापस मांगेंगे।’’

होल्डिंग ने कहा, ‘‘इसलिए उन्हें खाली स्टेडियम में क्रिकेट खेलने का प्रयास करना होगा या जिस भी प्रारूप में खेलने का मौका मिले उसे खेलना होगा।’’