कोलकाता। इंग्लैंड और स्पेन आज फीफा अंडर-17 विश्व कप में अपने पहले खिताब के लिए यहां के साल्ट लेक स्टेडियम में जद्दोजहद करेंगे. इस वर्ल्ड कप में यह पहला ‘ऑल यूरोपियन’ फाइनल है. इंग्लैंड इससे पहले कभी क्वॉर्टर फाइनल से आगे नहीं गया. उसके सामने अपनी अंडर-20 टीम की सफलता को दोहराने का बेहतरीन मौका है, जो वर्ल्ड कप का खिताब अपने नाम कर चुकी है.

वहीं स्पेन तीन बार फाइनल में जगह बनाने में तो सफल रहा है, लेकिन जीत तीनों बार उससे दूर ही रही. चौथी बार फाइनल में पहुंचने पर स्पेन पहले खिताब के लिए कोई कसर नहीं छोड़ना चाहेगा. इसी साल मई में स्पेन ने यूईएफए अंडर-17 यूरोपियन चैंपियनशिप में इंग्लैंड को 4-1 से मात दी थी. इंग्लैंड उस हार का बदला लेने की पूरी कोशिश करेगा. दोनों टीमों के बीच वह तीसरा यूरोपियन चैंपियनशिप फाइनल था.

इंग्लैंड ने चिली को टूर्नामेंट के पहले मैच में 4-0 से मात दी थी. दूसरे मैच में मैक्सिको ने उसे जरूर थोड़ी टक्कर दी, लेकिन वह उससे 3-2 से पार पाने में सफल रही. इराक को इंग्लैंड ने 4-0 से पटका. अंतिम-16 में जापान ने उसे हालांकि गोलरहित ड्रॉ पर रोक दिया. क्वॉर्टर फाइनल में उसने अमेरिका को 4-1 से एकतराफा शिकस्त दी. इस बेहतरीन सफर से प्रेरणा लेकर इंग्लैंड फाइनल में पहुंची है.

वहीं स्पेन पहले मैच में ब्राजील से 1-2 से हार गई थी. इस खराब शुरुआत से उबरते हुए उसने नाइजर और कोरिया को मात दी. ईरान को उसने 4-0 से हराया और फिर माली को 3-1 से पटखनी देते हुए फाइनल का सफर तय किया. स्पेन के यहां तक के सफर में कप्तान अबेल रुइज का अहम रोल रहा है. कप्तान ने छह मैचों में छह गोल किए हैं. उनके अलावा फेरान टोरेस ने और मिडफील्डर सीजर जेलाबर्ट ने स्पेन के लिए बेहतरीन प्रदर्शन किया है. इन तीनों खिलाड़ियों पर अपनी टीम को पहला विश्व कप दिलाने की बड़ी जिम्मेदारी है. वहीं इंग्लैंड की टीम रिहान ब्रूवेस्टर पर ज्यादा निर्भर करेगी जिन्होंने सेमीफाइनल में हैट-ट्रिक लगाई थी. उन्होंने अभी तक टूर्नामेंट में सात गोल किए हैं. वहीं डिफेंस में उसके कप्तान जोएल लााटिबेयुडिएरे से पार पाना स्पेन के लिए बड़ी चुनौती होगा.

दोनो टीमें इस प्रकार हैं:

इंग्लैंड: कर्टिस एंडरसन, जोसेफ बर्सिक, विलियम क्रेलीन, टिमोथी इयोमा, जोएल लााटिबेयुडिएरे, मार्क ग्यूइही, जोनाथन पेंजो, लुइस गिब्सन, स्टीवन सैसेगन, मोर्गन गिब्स व्हाइट, टाशन ओकले बूथ, कानर गालाघेर, एंजेल गोम्स, न्या किर्बी, जॉर्ज मैकइच्रान, कालम हडसन ओडोइ, फिलिप फोडेन, इमिल स्मिथ रोवे, रिहान ब्रेवेस्टर, डैनी लोडर।

स्पेन: अल्वारो फर्नांडेज, मातेयु जूएम, जुआन मिरांडा, ह्यूगो गुइलमोन, विक्टर चस्ट, एंटोनियो ब्लांको, फेरान टोरेस, मोहम्मद मोख्लिस, अबेल रुइज, सर्जियो गोमेज, नाको डियाज, प्रेडो रुइज, मार्क विडाल, अल्वारो गार्सिया, एरिक गार्सिया, डिएगो पैम्पिन, जोस लारा, सीजर जेलाबर्ट, कार्लोस बेइतिया, विक्टर पेरेया, अल्फोंसो पास्टोर।