भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली फिटनेस के मामले में उन चुनिंदा खिलाड़ियों में शामिल हैं जिन्होंने इस क्षेत्र में अपनी एक अलग पहचान बनाई है. कोहली टेस्ट और वनडे में तो सफल हैं ही उन्होंने टी-20 में भी अपनी विशेष छाप छोड़ी है. भारतीय कप्तान ने टी-20 इंटरनेशनल में अब तक 82 मैचों में 50.8 की औसत से कुल 2794 रन बनाए हैं. Also Read - ‘सौरव गांगुली ने टीम इंडिया को जीत की मानसिकता दी, धोनी के बाद विराट ने इसे नई ऊंचाइयों पर पहुंचा’

भारतीय टीम के पूर्व सलामी बल्लेबाज गौतम गंभीर का मानना है कि क्रिस गेल जैसी ‘ताकत’ और एबी डीविलियर्स जैसी ‘क्षमता’ नहीं होने के बावजूद कोहली अगर टी-20 क्रिकेट में सफल हैं तो इसका पूरा श्रेय उनकी बेहतरीन फिटनेस को जाता है. Also Read - आज के दिन रोहित शर्मा बने थे विश्व कप में पांच शतक लगाने वाले पहले बल्लेबाज

‘कोहली ने शानदार फिटनेस के कारण अपने पूरे टी-20 करियर को बेहद सफल बना दिया’ Also Read - सौरव गांगुली ने बताया क्यों पहली गेंद का सामना करना पसंद नहीं करते थे तेंदुलकर

गंभीर ने स्टार स्पोर्ट्स के कार्यक्रम क्रिकेट कनेक्टेड में कहा, ‘वह (कोहली) हमेशा एक स्मार्ट क्रिकेटर रहे हैं लेकिन उन्होंने अपनी शानदार फिटनेस के कारण अपने पूरे टी-20 करियर को बेहद सफल बना दिया.’

उन्होंने कहा, ‘शायद इसलिए कि उनके पास क्रिस गेल जैसी ताकत नहीं है, उनके पास एबी डिविलियर्स जैसी क्षमता नहीं है, उनके पास संभवत: जैक कैलिस या ब्रायन लारा जैसी क्षमता नहीं है.’

‘विकेटों के बीच दौड़ लगाने और स्ट्राइक रोटेट करने में भी कोहली का कोई सानी नहीं’

बाएं हाथ के इस बल्लेबाज से पूछा गया था कि भारतीय कप्तान के क्रिकेट के सबसे छोटे प्रारूप में सफल होने के क्या कारण हैं. गंभीर ने कहा कि विकेटों के बीच दौड़ लगाने और स्ट्राइक रोटेट करने में भी कोहली का कोई सानी नहीं है. इस मामले में गेल, डीविलियर्स और रोहित शर्मा भी उनसे पीछे हैं.

टी20 विश्व कप 2007 और वनडे विश्व कप 2011 की विजेता टीम के सदस्य रहे गंभीर ने कहा, ‘उनका सबसे मजबूत पक्ष उनकी फिटनेस है और उन्होंने इसे अपने खेल में अच्छी तरह से ढाला है. यही वजह है कि वह इतना सफल है इसलिए इसका श्रेय उन्हें जाता है. सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि वह विकेटों के बीच बहुत अच्छी तरह से दौड़ लगाते हैं, बहुत अधिक बल्लेबाज ऐसा नहीं कर पाते हैं.’

आईपीएल में अबतक कुल 5412 रन बनाए हैं

कोहली इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में भी सफल रहे हैं जहां उन्होंने 177 मैचों में 5412 रन बनाए हैं. गंभीर ने कहा, ‘क्रिकेट जगत में इस समय बहुत कम क्रिकेटर हैं जो हर गेंद पर स्ट्राइक बदल सकते हैं और विराट कोहली यह काम बहुत अच्छी तरह से करते हैं और इसलिए वह बाकी सबसे भिन्न हैं.’

‘स्ट्राइक रोटेट के मामले में रोहित से अधिक निरंतरता’

गंभीर ने कहा कि जब स्ट्राइक रोटेट करने की बात आती है तो कोहली में अपने साथी और स्टार बल्लेबाज रोहित शर्मा की तुलना में अधिक निरंतरता दिखती है.

उन्होंने कहा, ‘आप रोहित शर्मा को ही देख लो, स्ट्राइक रोटेट करने में मामले में रोहित शर्मा में वह खूबी नहीं है जो विराट कोहली में है. रोहित शर्मा के पास बड़े शॉट लगाने का कौशल है लेकिन इस (स्ट्राइक रोटेट) मामले में रोहित शर्मा की तुलना में विराट कोहली में अधिक निरंतरता है.

गंभीर ने कहा, ‘क्रिस गेल या एबी डीविलियर्स में विशेषकर स्पिनरों के सामने स्ट्राइक रोटेट करने का कौशल नहीं है लेकिन विराट कोहली के पास है और इसलिए उसका औसत 50 से ऊपर है.’