चंडीगढ़: शूटर मनु भाकर को हरियाणा सरकार से पुरस्‍कार राशि की मांग करना भारी पड़ता दिख रहा है. भाकर ने ट्विटर पर इस बारे में निराशा जताई तो खेल मंत्री अनिल विज ने शनिवार को उनसे माफी की मांग की. भाकर ने दो करोड़ रुपये की नकद पुरस्कार राशि नहीं मिलने की निराशा टि्वटर पर व्यक्त की थी.

ब्यूनस आयर्स में 2018 युवा ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने के बाद 16 वर्षीय मनु को राज्य सरकार ने दो करोड़ रुपये का नकद पुरस्कार देने का वादा किया था जो इस निशानेबाज को अभी तक नहीं मिला है. इसलिये उन्‍होंने ट्विटर पर विज के ट्वीट के स्क्रीनशॉट को पोस्ट करके हरियाणा के खेल मंत्री को इस पुरस्कार राशि की याद दिलाई.

टीम इंडिया में सबसे ज्‍यादा रोमांटिक और मजाकिया हैं विराट, लेकिन कप्‍तानी में उनसे बेहतर धोनी को मानते हैं पांड्या और राहुल

विज ने इस ट्वीट पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ‘‘उन्हें सार्वजनिक तौर पर यह मुद्दा उठाने से पहले खेल विभाग से बात करनी चाहिए थी.’’ उन्होंने कहा, ‘‘उन्होंने अपनी ट्वीट में जिस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया, उसका उद्देश्य राज्य की छवि खराब करने का था और उनका इरादा सही नहीं था.’’ विज ने मनु से माफी की भी मांग की और कहा कि सरकार की नीति के अनुसार इस साल के पुरस्कार विजेताओं को पुरस्कार राशि अगले साल दी जाती है.

एएफसी एशियन कप : थाईलैंड के खिलाफ पहले मुकाबले में जीत से आगाज करना चाहेगा भारत

उन्होंने कहा, ‘‘सरकार ने अगस्त 2018 में खिलाड़ियों को दी जाने वाली लंबित पुरस्कार राशि दे दी थी, लेकिन जिन्हें यह नहीं मिली, उनके लिये एक योजना है और उन्हें भी ईनामी राशि दी जाएगी.’’ विज ने ट्वीट किया, ‘‘खिलाड़ियों में अनुशासन की कुछ समझ होनी चाहिए. भाकर को यह विवाद खड़ा करने के लिए माफी मांगनी चाहिए. उसे अभी बहुत आगे तक जाना है. उसे सिर्फ अपने खेल पर ध्यान लगाना चाहिए.’’