भोपाल: सोशल मीडिया के माध्यम से सुर्खियां बटोरने वाले मध्य प्रदेश के धावक रामेश्वर गुर्जर ने उम्मीद जतायी कि अगर उन्हें सही प्रशिक्षण मिला तो वह जमैका के स्टार धावक उसैन बोल्ट के रिकार्ड को तोड़ देंगे. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में 19 साल के गुर्जर 100 मीटर की दौड़ नंगे पांव दौड़ते हुए 11 सेकेंड में पूरी करते हुए दिख रहे हैं. वह राज्य के शिवपुरी जिले के नरवार गांव के किसान परिवार से आते हैं. बता दें कि बोल्ट ने 2009 में 9.58 सेकेंड में 100 मीटर दौड़ पूरी करते हुए रिकॉर्ड बनाया था.

उनके वीडियो को देखने के बाद राज्य के खेल मंत्री जीतू पटवारी ने उन्हें भोपाल बुलाया था. गुर्जर ने शनिवार को भोपाल में मंत्री से मुलाकात की. इस मुलाकात के बाद उन्होंने मीडियाकर्मियों से कहा, ”उसेन बोल्ट ने रिकार्ड 9.58 सेकेंड में 100 मीटर की दौड़ को पूरा किया था. मुझे उम्मीद है कि सुविधाएं और उचित प्रशिक्षण मिलने के बाद मैं उस रिकार्ड को तोड़ दूंगा.”

गुर्जर ने कहा कि वह सेना से जुड़ने के लिए पिछले छह महीने से 100 मीटर की दौड़ का अभ्यास कर रहे हैं, लेकिन लंबाई कम होने के कारण उनका चयन नहीं हुआ. उन्होंने कहा, ”पहले मैं 100 मीटर की दौड़ को 12 सेकेंड से अधिक समय में पूरा करता था, लेकिन छह महीने के अभ्यास के बाद मैं इसे 11 सेकेंड में पूरा कर पा रहा हूं.” गौरतबल है कि बोल्ट ने 2009 में 9.58 सेकेंड में 100 मीटर दौड़ पूरी करते हुए रिकॉर्ड बनाया था. भारतीय एथलेटिक्स महासंघ की वेबसाइट के मुताबिक भारतीय रिकॉर्ड अमिय कुमार मलिक के नाम है, जिन्होंने 2016 में 10.26 सेकेंड का समय लिया था.

केंद्रीय खेल मंत्री कीरेन रीजीजू ने गुर्जर को मदद का भरोसा दिया. इससे पहले शुक्रवार को राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज चौहान ने ट्विटर पर उनका वीडियो साझा करते हुए रीजीजू को टैग कर लिखा था, ”भारत प्रतिभाशाली व्यक्तियों से भरा हुआ है. जरूरत है उन्हें सही अवसर और मंच देने की, वे देश के लिए इतिहास रच सकते हैं. भारतीय खेलों और रीजीजू जी से इस एथलीट के कौशल को निखारने में मदद की मांग करता हूं.”

रीजीजू ने उन्हें जवाब देते हुए ट्वीट किया, ”शिवराज जी किसी को बोलिए कि उसे मेरे पास लेकर आएं. मैं किसी एथलेटिक्स अकादमी में उसका दाखिला करवाउंगा.”

गुर्जर भोपाल में मध्यप्रदेश राज्य खेल अकादमी में ट्रायल और परीक्षण दे सकते हैं. पटवारी ने उन्हें प्रशिक्षण और दूसरी सुविधाएं देने का भरोसा दिया. उन्होंने कहा, ग्रामीण प्रतिभाओं का चयन राज्य ओलंपिक के जरीए किया जाएगा और खेल अकादमी में उन्हें सभी सुविधाएं दी जाएंगी.

गुर्जर ने कक्षा 10 तक की पढ़ाई की है और परिवार की खराब आर्थिक स्थिति के कारण वह आगे की पढ़ाई जारी नहीं रख सके.