लॉकडाउन के बीच क्रिकेट फैंस साल के आखिर में भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच होने वाली टेस्ट सीरीज का इंतजार कर रहे हैं। इस सीरीज में स्टीव स्मिथ (Steve Smith) और डेविड वार्नर (David Warner) की वापसी के बाद कंगारू टीम के पास भारत से 2018-19 की हार का बदला लेने का मौका है लेकिन भारतीय इसी बीच पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान इयान चैपल (Ian Chappell) ने कहा है कि अगर इस दौरे पर हार्दिक पांड्या (Hardik Pandya) भारतीय टीम के साथ होंगे तो इससे उन्हें फायदा मिलेगा।Also Read - क्‍या विराट कोहली की वापसी के बाद होगी अजिंक्‍या रहाणे की विदाई ? कोच विक्रम राठौड़ ने दिया ये जवाब

चैपल ने ईएसपीएन क्रिकइन्फो में अपने कॉलम में लिखा, ‘‘अगर हार्दिक पंड्या उपलब्ध रहता है तो इससे मदद मिलेगी। वो उस समय दबाव बनाने के लिए भारत को अतिरिक्त गेंदबाजी विकल्प मुहैया कराएगा जब मुख्य तेज गेंदबाजों को विश्राम की जरूरत होगी।’’ Also Read - डेनियल विटोरी की मानें तो विराट के लिए रहाणे को बनानी होगी जगह, करियर खत्‍म...

बता दें कि पंड्या साल 2018 से टेस्ट मैच नहीं खेले हैं और वो हाल में पीठ की चोट से उबरे हैं। उनकी पीठ का पिछले साल ऑपरेशन किया गया था। इस चोट के कारण पांड्या टेस्ट क्रिकेट को चुनौती समझते हैं। हालांकि पंड्या ने कहा था कि वो सीमित ओवरों की क्रिकेट में अपने महत्व को समझते हैं। Also Read - Ashes 2021: ऑस्ट्रेलियाई कोच को उम्मीद, 'हाई वोल्टेज सीरीज' के दौरान बहाने नहीं बनाएंगे तेज गेंदबाज

चैपल ने कहा, ‘‘उनके पास सिडनी में होने वाले मैच से पहले शुरुआती तीन टेस्ट मैचों में अपने ओवरों की संख्या धीरे धीरे बढ़ाने का मौका होगा। सिडनी में वो तीसरे तेज गेंदबाज की भूमिका निभा सकता है ताकि दूसरे स्पिनर को प्लेइंग इलेवन में शामिल किया जा सके। पंड्या को बल्लेबाजी क्रम में सातवें नंबर पर रखने का मतलब होगा कि रिषभ पंत को विकेटकीपिंग के साथ साथ छठे नंबर पर बल्लेबाजी करनी होगी।’’

बड़ा सवाल- अश्विन, जडेजा या कुलदीप में से किसी दें मौका?

चैपल का मानना है कि भारतीय चयनकर्ताओं को स्पिन विभाग में रविचंद्रन अश्विन, रविंद्र जडेजा और कुलदीप यादव में से किसी एक का चयन करने के लिए काफी माथापच्ची करनी होगी।

उन्होंने कहा, ‘‘भारतीय चयनकर्ताओं को स्पिनर का चयन करने लिए काफी माथापच्ची करनी होगी। आर अश्विन का रिकार्ड शानदार है लेकिन ऑस्ट्रेलिया में नहीं। रविंद्र जडेजा ऑलराउंडर है और गेंदबाजी में सुधार से उसका दावा मजबूत बन गया है जबकि कुलदीप यादव ऑस्ट्रेलियाई पिचों पर कारगर साबित हो सकता है। ये मुश्किल फैसला होगा।’’

पूर्व आस्ट्रेलियाई कप्तान ने कहा, ‘‘भारत की सबसे बड़ी चुनौती आस्ट्रेलिया की मजबूत बल्लेबाजी से पार पाना होगा। स्टीव स्मिथ और डेविड वार्नर के अलावा मार्नस लाबुशेन तीसरे नंबर पर मजबूती से उबरे हैं जिससे बल्लेबाजी अधिक मजबूत हुई है। ऑस्ट्रेलिया अब सफलता के लिये स्मिथ और वार्नर पर कम निर्भर है।’’

कोहली-पुजारा को रोकने में सक्षम है ऑस्ट्रेलियाई पेस अटैक

चैपल ने कहा कि आस्ट्रेलिया के पास मजबूत गेंदबाजी आक्रमण है। उन्होंने कहा, ‘‘तेज गेंदबाजी में पैट कमिंस, मिशेल स्टार्क, जोश हेजलवुड और जेम्स पैटिनसन हैं जबकि स्पिन विभाग में नाथन लियोन का चयन करना आसान है।’’

चैपल ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया का मजबूत आक्रमण खतरनाक विराट कोहली और चेतेश्वर पुजारा को बांध कर रखने में सक्षम है। पुजारा ने पिछली बार भारत की 2-1 से जीत में अहम भूमिका निभाई थी। उन्होंने कहा, ‘‘ऑस्ट्रेलिया का मजबूत आक्रमण विराट कोहली और चेतेश्वर पुजारा की मौजूदगी के बावजूद भारत को बड़ा स्कोर करने से रोक सकता है।’’