भारतीय फुटबाल टीम के स्ट्राइकर जेजे लालपेखलुआ (Jeje Lalpekhlua) ने कोविड-19 महामारी से पैदा हुई परिस्थितियों में मिजोरम में जरूरतमंद लोगों को बचाने के लिए खुद रक्तदान करने का फैसला किया क्योंकि वहां खून मिलने में काफी दिक्कत हो रही है। भारत में कोरोना वायरस के कारण 21 दिन का लॉकडाउन चल रहा है और इसे बढ़ाया भी जा सकता है। Also Read - पीएम नरेंद्र मोदी की अपील पर बढ़ी खादी उत्पादों की बिक्री, 5 महीने में बिक गए 19 लाख फेसमास्क

इस फुटबालर ने कहा, ‘‘लॉकडाउन के कारण ‘ब्लड यूनिट्स’ आसानी से उपलब्ध नहीं हैं। इसलिए ‘यंग मिजो एसोसिएशन’ (वाईएमए) से जुड़े अस्पतालों को मदद की जरूरत है। जब ये खबर मेरे पास पहुंचीं तो मैं जानता था कि मुझे क्या करना है। आप ऐसी परिस्थितियों में चुप नहीं बैठ सकते हैं। ’’ Also Read - Schools Reopening: इस राज्‍य में नवंबर से खुलेंगे स्‍कूल, 9वीं से 12वीं, 6वीं से 8वीं कक्षा की तय हुईं तारीखें

वो तुरंत रक्तदान के लिए मिजोरम के डर्टलैंग के के साईनोड अस्पताल पहुंच गये। उन्होंने कहा, ‘‘ हमने योजना बनाई। हम वाईएमए के अस्पताल में पहुंचे। हम 33 लोग गए थे जिनमें से 27 को रक्तदान करने के लिए फिट माना गया।’’ Also Read - Coronavirus Cases in India: 24 घंटे में 49,881 नए मामले, कुल मामलों की संख्या 80 लाख के पार

जेजे ने कहा, ‘‘मैंने बहुत छोटी सी भूमिका अदा की लेकिन यह काफी संतोषजनक है। मैं भगवान का शुक्रिया अदा करता हूं जिसने मुझे ऐसा करने की हिम्मत दी। ’’

ये 29 साल का फुटबालर पहले भी जरूरत के समय मिजोरम में मदद कर चुका है।