बेंगलुरु: करिश्माई स्ट्राइकर सुनील छेत्री ने कहा कि इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) की फ्रेंचाइजी बेंगलुरु एफसी में उनकी जिम्मेदारी अपने प्रदर्शन से दूसरे खिलाड़ियों के लिए उदाहरण पेश करना है. छेत्री की अगुवाई में बेंगलुरु की टीम 21 अक्टूबर से शुरू हो रहे टूर्नामेंट में अपने खिताब का बचाव करने उतरेगी. इस टीम से 2013 में जुड़ने वाले छेत्री ने कहा, ‘‘ जब मैंने इस क्लब से 2013 में करार किया था तब मेरी जिम्मेदारी अच्छा प्रदर्शन कर दूसरों को प्रेरित करने की थी और अब भी उसमें कोई बदलाव नहीं आया है. अगर कुछ बदलाव आया है तो वह ये कि मेरी जिम्मेदारी और बढ़ गयी है.’’

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क्लब के दो साल पहले आईएसएल से जुड़ने के बाद छेत्री टीम के स्टार खिलाड़ी रहे है और टीम ने हर सत्र में घरेलू टूर्नामेंटों में किसी ना किसी खिताब को हासिल किया है. आईएसएल के इतिहास में किसी भी टीम ने अब तक अपने खिताब का बचाव नहीं किया है. एटीके और चेन्नइयिन एफसी ने दो- दो बार खिताब जीते हैं लेकिन कोच चार्ल्स कुआडार्ट टीम आगामी सत्र में इस उपलब्धि को हासिल करना चाहेगी.

छेत्री ने कहा, ‘‘हम वह हर टूर्नामेंट जीतना चाहते हैं, जहां हम खेलते हैं. अब हमारे सामने आईएसएल खिताब बचाने की चुनौती है और हम जानते हैं कि यह सत्र कठिन होगा. हम एशियाई प्रतियोगिता में लौट आए हैं और हमने कई बार दिखाया है कि उसमें भाग लेने के साथ अच्छा भी कर सकते हैं. हम अपना श्रेष्ठ देते हुए खिताब के लिए चुनौती पेश करना चाहते हैं.’’

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