भारतीय टीम के तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी (Mohammad Shami) का कहना है कि टीम इंडिया का मौजूदा पेस अटैक इतिहास में सर्वश्रेष्ठ हैं। हालांकि उन्होंने माना कि 70-80 दशक के विंडीज पेस अटैक सबसे बेहतर था। शमी, इशांत शर्मा, जसप्रीत बुमराह, उमेश यादव और भुवनेश्वर कुमार वाले भारतीय अटैक के अगुआ बन गए हैं, जो पारंपरिक रूप से स्पिनरों पर निर्भर रहती है। Also Read - कोरोना काल में रिवर्स स्विंग को फिलहाल भूल जाइए : इरफान पठान

ईएसपीएन क्रिकइंफो को दिए बयान में शमी ने कहा, “आप और दुनिया के बाकी सभी लोग इस बात से सहमत होंगे – कि किसी भी टीम के पास यूनिट के रूप में एक साथ पांच तेज गेंदबाज नहीं हैं। केवल आज नहीं, क्रिकेट इतिहास में ये शायद दुनिया कि सर्वश्रेष्ठ तेज गेंदबाजी यूनिट है।” Also Read - 'वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे टेस्ट के लिए इंग्लैंड टीम में लौटेंगे स्टुअर्ट ब्रॉड'

1970 और 1980 के दशक के वेस्टइंडीज के पेस पैक की याद दिलाते हुए शमी ने कहा कि भारत के पास अभी भी तेज गेंदबाज हैं, जो टीम को संभालने के लिए इंतजार कर रहे हैं। Also Read - भारतीय तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने बताया क्यों सलाइवा का विकल्प नहीं बन सकता है पसीना

उन्होंने कहा, “हमारे पास बेंच पर ऐसे गेंदबाज है जो 145-148 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से गेंदबाजी कर सकते हैं।”

घुटने की चोट से जूझ रहे 29 साल के खिलाड़ी ने साफ कहा कि नई गेंद से गेंदबाजी करने को लेकर भारतीय तेज गेंदबाजों के बीच कोई प्रतिद्वंद्विता नहीं है।

उन्होंने कहा, “हम विराट कोहली के आसपास रहते हैं और उनके फैसला करने के लिए कहते हैं। लेकिन आमतौर पर वो कहते हैं कि ‘मुझे इसमें शामिल मत करो, तुम गेंदबाज आपस में फैसला कर लोग, मुझे कोई परेशानी नहीं है’। हम एक दूसरे का समर्थन करते हैं चाहे विकेट मिले ना मिलें।”