मुंबई: आस्ट्रेलिया की सीमित ओवरों टीम के कप्तान एरॉन फिंच ने कहा है कि उनका लक्ष्य विश्व कप-2023 में खेलना है. उनका कहना है कि वह फॉर्म और फिटनेस के बूते अपने इस लक्ष्य को पूरा करने की कोशिश में हैं. सिडनी मॉर्निग हेराल्ड ने फिंच के हवाले से लिखा है, “इसमें कोई शक नहीं, मैं यह पसंद करूंगा. मैं अभी 33 साल का हूं. मुझे लगता है कि मेरा खेल अभी तक सबसे अच्छे दौर में है. विश्व कप खेलना मेरे लक्ष्य में है. यह फिटनेस और फॉर्म पर निर्भर है, लेकिन इच्छा कम नहीं है.

रविवार को होगा न्यूजीलैंड दौरे पर जाने वाली भारतीय टीम का ऐलान, हार्दिक पांड्या कर सकते हैं वापसी

उन्होंने कहा कि मुझे पता है कि यह आम बात है, कि हम एक बार में एक दौरे पर ध्यान दें, लेकिन विश्व कप खेलना मेरा निश्चित तौर पर लक्ष्य है. फिंच आस्ट्रेलिया की सीमित ओवरों की टीम के नियमित सदस्य हैं, लेकिन टेस्ट में वो अपने देश के लिए सिर्फ पांच मैच ही खेल पाए हैं. दाएं हाथ के बल्लेबाज को अभी भी उम्मीद है कि वह खेल के लंबे प्रारूप में आस्ट्रेलिया का प्रतिनिधित्व करेंगे. उन्होंने कहा कि यह अब सच्चाई के बजाए सपना हो चुका है. मैं अभी भी कोशिश करता हूं कि मैं टेस्ट में वापसी कर सकूं, लेकिन मुश्किल बात घरेलू क्रिकेट में चार दिन का टेस्ट मैच खेलना है. मुझे विक्टोरिया के साथ चार दिन का टेस्ट मैच खेलना था लेकिन मैं चोट के कारण नहीं खेल पाया. एक मैच रद्द हो गया और टी-20 सीरीज के कारण मैं एक मैच में और नहीं खेल पाया.

ICC T20I Rankings में शीर्ष भारतीय केएल राहुल; विराट कोहली, शिखर धवन को भी फायदा

टेस्ट क्रिकेट से ले सकते हैं संन्यास
फिंच ने हालांकि यह भी माना है कि सीमित ओवरों की क्रिकेट पर ध्यान देने के लिए वह टेस्ट क्रिकेट से संन्यास भी ले सकते हैं, लेकिन वे ऐसा तब करेंगे जब चयनकर्ता उन्हें यह संकेत दे दें कि वह उन्हें टेस्ट में नहीं चुनेंगे. उन्होंने कहा कि अगर ऐसा होता है, कि मेरी चयनकर्ताओं से बात होती है और वह मुझे टेस्ट क्रिकेट खेलता हुआ देखते हैं तो इस पर विचार किया जाएगा. उन्होंने कहा कि प्राथमिकता यही है कि मैं अपने आप को उन प्रारूप को खेलने के लिए तैयार रखूं जो मैं लगातार खेल रहा हूं-वनडे और टी-20. कई युवा खिलाड़ी आ रहे हैं और अगर मैं टेस्ट क्रिकेट नहीं खेलने वाला तो मैं युवा खिलाड़ियों के लिए रास्ता नहीं रोकूंगा.