इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 13वें सीजन का आयोजन 26 सितंबर से संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में होगा. भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) यूएई में होने वाले आईपीएल को लेकर आठों फ्रेंचाइजी को विस्तृत मानक संचालन प्रक्रिया देगा लेकिन सभी संबंधित पक्ष कुछ सवालों के आने वाले दिनों में जवाब चाहते हैं .Also Read - रजत पाटीदार टीम इंडिया के लिए खेलने का हकदार है: पूर्व कोच चंद्रकांत पंडित

समझा जाता है कि सभी फ्रेंचाइजी अपनी अपनी विशेषों की टीमें अमीरात भेजना शुरू करेंगी ताकि सुविधाओं का जायजा ले सकें और यह पता चल सके कि किस तरह का जैविक सुरक्षित वातावरण बनाया जा सकता है. Also Read - जून में टी20 और वनडे सीरीज के लिए श्रीलंका का दौरा करेगी भारतीय महिला क्रिकेट टीम

‘खिलाड़ियेां को उनकी पत्नियों या परिवार से दूर रखना गलत होगा’ Also Read - बीसीसीआई ने उठाया बड़ा कदम, VVS Laxman को सौंपी कोच पद की जिम्मेदारी

बोर्ड को कुछ सवालों के जवाब एसओपी में देने होंगे . इनमें सबसे पहला सवाल खिलाड़ियों के परिवार को लेकर है . एक फ्रेंचाइजी के आला अधिकारी ने कहा कि दो महीने के लिए खिलाड़ियेां को उनकी पत्नियों या परिवार से दूर रखना गलत होगा .

उन्होंने कहा,‘सामान्य समय पर पत्नियां या गर्लफ्रेंड खिलाड़ियों के साथ आ सकती हैं लेकिन अभी हालात अलग है. यदि परिवार भी साथ जाता है तो वह होटल के कमरे में रहेगा या सामान्य तौर पर आ जा सकेगा.

‘छोटे बच्चों को  दो महीने तक कमरे में कैसे रखेंगे’

उन्होंने कहा ,‘कुछ खिलाड़ियों के छोटे बच्चे भी हैं तो उन्हें दो महीने तक कमरे में कैसे रखेंगे.’आम तौर पर क्रिकेट टीमें पांच सितारा होटलों में रूकती है लेकिन इतनी बड़ी संख्या में ऐसा इंतजाम कर पाना मुश्किल होगा जहां खिलाड़ियों के अलावा आम अतिथि होटल में नहीं आ सकें.

‘हर टीम मुंबई इंडियंस का मुकाबला नहीं कर सकती’

अधिकारी ने कहा ,‘हर टीम मुंबई इंडियंस का मुकाबला नहीं कर सकती. उनके पास निजी जेट है और अपने सुपर स्पेश्यलिटी अस्पताल से वे डॉक्टर भी ले जा सकते हैं . पूरा पांच सितारा होटल किराये पर ले सकते हैं लेकिन बाकियों को देखना होगा कि उनके लिये क्या सर्वश्रेष्ठ है.शायद बीच रिसॉर्ट.’

‘स्थानीय परिवहन की व्यवस्था भी करनी होगी’

इसके अलावा टीमों को एमिरेट्स क्रिकेट बोर्ड के साथ मिलकर स्थानीय परिवहन की व्यवस्था भी करनी होगी. आम तौर पर ड्राइवर दिन भर के काम के बाद घर लौट जाते हैं लेकिन इन हालात में उन्हें दो महीने जैविक रूप से सुरक्षित माहौल में रूकना पड़ सकता है.

भारत में कोविड-19 के बढ़ते मामलों को देखते हुए आईपीएल को देश से बाहर करने को लेकर केंद्र सरकार को भेजे गए अनुरोध को बीसीसीआई हरी झंडी मिलने का इंतजार कर रहा है.