इंडियन प्रीमियर लीग (IPL 2021) में इस सीजन कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) की टीम बेरंग दिख रही है. 7 मैच खेलने के बाद वह सिर्फ 2 ही मैच जीत पाई है. न तो उसका टॉप ऑर्डर रन बना पा रहा है और न ही मिडल ऑर्डर टीम के लिए पर्याप्त रन जुटा पा रहा है. टीम के विस्फोटक बल्लेबाज आंद्रे रसल (Andre Russell) ने एक-दो मौकों पर रन जरूर बनाए हैं लेकिन वह भी टीम को जीत नहीं दिला पाए. पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर (Sunil Gavaskar) केकेआर के इस प्रदर्शन पर नाराजगी जताई है. उन्होंने कहा कि इस टीम को अपनी किस्मत पलटनी है तो सबसे पहले उसे अपने बैटिंग ऑर्डर को बदलना होगा.Also Read - कार्तिक का सामने आया दर्द! ‘कई लोगों ने मेरा बोरिया-बिस्‍तर बांध दिया था, टी20 विश्‍व कप अगला लक्ष्‍य’

गावस्कर ने कहा ऐसा लगता है जैसे उनके पास क्लासी बल्लेबाजों की कमी है. और जो बल्लेबाज क्लासी हैं भी वह बहुत ही निचले क्रम में खेल रहे हैं. इसका खामियाजा उसे मैच हारकर चुकाना पड़ रहा है. उन्होंने स्टार स्पोर्ट्स पर इस टीम के हालात पर चर्चा करते हुए कहा, ‘ऐसा लगता है कि उनके पास क्लासी बल्लेबाज नहीं हैं. मुझे पता है कितन डगआउट में बैठे हैं, जिन्हें देखकर वह कह सकते हैं कि आप टीम में आईए और टॉप ऑर्डर में बैटिंग कीजिए.’ Also Read - दिनेश कार्तिक को वापस लाए हैं तो शिखर धवन की भी बनती है टीम इंडिया में जगह: सुरेश रैना

71 वर्षीय गावस्कर ने कहा, ‘फिलहाल आप उनकी बैटिंग देखेंगे तो उनके पास शुबमन गिल और मॉर्गन के अलावा कोई भी क्लास बल्लेबाज नहीं है.’ Also Read - कार्तिक क्रिकेट छोड़ कमेंट्री में आजमा रहे थे हाथ, जानें टीम इंडिया में वापसी पर क्‍या बोले विकेटकीपर बल्‍लेबाज

गावस्कर ने सुनील नरेन की पॉजिशन पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनका नंबर 4 पर क्या काम है. उन्होंने कहा, ‘इस टीम के पास नंबर 5 या 6 पर रसल खेल रहे हैं. टीम के पास दिनेश कार्तिक भी हैं. मैं चाहता हूं कि कार्तिक को ऊपर प्रमोट किया जाए. राहुल त्रिपाठी पहले ही नंबर 3 पर खेल रहे हैं ऐसे में नंबर 4 पर सुनील नरेन आकर टीम का कॉम्बिनेशन बिगाड़ देते हैं. उन्हें इस पॉजिशन पर खिलाना मेरी समझ से परे है.’

उन्होंने कहा, ‘अगर आप नरेन को खिलाना चाहते हैं तो उन्हें टॉप ऑर्डर पर रखिए, ताकि वहां वह कुछ बड़े शॉट्स खेलकर टीम के खाते में तेजी से कुछ उपयोगी रन जुटा सकें. लेकिन केकेआर 7 मैचों के बाद भी सही कॉम्बिनेशन नहीं तलाश पाया है यही उसकी दिक्कत है.’