पाकिस्तान के पूर्व कप्तान जावेद मियांदाद का मानना है कि स्पॉट फिक्सिंग जैसी चीजें इस्लाम के खिलाफ है और इससे उसी के अनुसार निपटना चाहिए. स्‍पॉट फिक्सिंग में संलिप्‍त पाए गए खिलाड़ियों को फांसी पर चढ़ा दिया जाना चाहिए. Also Read - पाकिस्तान ने क्रिकेट प्रसारण के लिए भारतीय कंपनी का प्रस्ताव ठुकराया, धारा 370 को ठहराया जिम्मेदार

जावेद मियांदाद ने स्‍पॉट फिक्सिंग करने वाले लोगों को इतनी कठोर सजा देने की वकालत अपने यू-ट्यूब चैनल पर फैन्‍स के साथ बातचीत के दौरान कही. उन्होंने कहा, “स्पॉट फिक्सिंग करने वालों को फांसी पर लटका देना चाहिए क्योंकि यह गुनाह उतना ही बड़ा है, जितना किसी का कत्ल करना और कत्ल की सजा भी कत्ल होती है. एक उदाहरण सेट करना चाहिए ताकि कोई भी ऐसा करने के बारे में सोचे भी ना.” Also Read - 'सिक्‍स पैक एब्‍स' फिटनेस क्रिकेट खेलने के लिए जरूरी नहीं, आखिर क्‍यों Faf du Plessis ने कही ये बात ?

जावेद मियांदाद ने माना कि स्पॉट फिक्सिंग को रोकने के लिए पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) सही कदम नहीं उठा रहा है. “ऐसे लोगों को माफ करके पीसीबी सही नहीं कर रहा है. मुझे लगता है कि जो खिलाड़ी फिक्सिंग करते हैं, वे अपने परिवार के साथ भी सही नहीं होते. इंसानियत के लिए भी यह सही नहीं है, और ऐसे लोगों को जिंदा रहने का अधिकार नहीं है.” Also Read - Babar Azam करेंगे बात, पाकिस्तान टीम में होगी Mohammad Amir वापसी?

” खिलाड़ियों के लिए आसान होता है कि पहले वे फिक्सिंग जैसे गलत काम करें, इससे पैसा कमाएं और फिर अपने कनेक्शन से टीम में वापसी कर लें.”