नई दिल्ली: इंडियन प्रीमियर लीग के 11वें सीजन के लीग मैच अब खत्म हो चुके हैं. अब क्वालिफायर और एलिमिनेटर मुकाबले ही बचे हैं. लीग के इस सीजन में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों की लिस्ट में फिलहाल रिषभ पंत पहले नंबर पर हैं, लेकिन यह तय है कि वे ऑरेंज कैप के विजेता नहीं बनेंगे. पंत ने 14 मैचों में 52 से ज्यादा की औसत से 684 रन बनाए हैं, लेकिन उनकी टीम प्लेऑफ की दौर से बाहर है. यही हाल लिस्ट में तीसरे नंबर पर काबिज लोकेश राहुल का भी है. राहुल ने करीब 55 की औसत से 659 रन बनाए हैं, लेकिन उनकी टीम किंग्स इलेवन पंजाब भी प्लेऑफ में जगह नहीं बना पाई है. दरअसल, इस लिस्ट को देखने के बाद दो बल्लेबाज ऐसे हैं जो ऑरेंज कैप की दौड़ में सबसे आगे दिख रहे हैं. Also Read - पार्थिव पटेल बोले-टीम इंडिया को नहीं मिल सकता स्थाई विकेटकीपर, बताई वजह

इनमें पहला नाम सनराइजर्स हैदराबाद टीम के कप्तान केन विलियमसन और दूसरा चेन्नई सुपरकिंग्स के अंबाति रायुडू का है. विलयमसन फिलहाल इस लिस्ट में दूसरे नंबर पर हैं जबकि रायुडू चौथे नंबर पर. अच्छी बात यह है कि इन दोनों की टीमें प्लेऑफ में पहुंच गई हैं और इन्हें अब भी कम से कम दो और ज्यादा से ज्यादा तीन मैच खेलने को मिलेंगे. Also Read - On This Day in 2018: ये हैं CSK की ऐतिहासिक जीत के 12 नायक

विलियमसन आईपीएल-11 में जबरदस्त फॉर्म में हैं. उन्होंने 14 मैचों में अब तक 661 रन बनाए हैं और रिषभ पंत से केवल 23 रन पीछे हैं. यदि विलियमसन 24 रन और बना लेते हैं तो ऑरेंज कैप उनके नाम हो जाएगा. हालांकि, इसके लिए उन्हें रायुडू से कड़ा मुकाबला करना पड़ सकता है. रायुडू फिलहाल विलियमसन से 74 रन पीछे हैं. उन्होंने 14 मुकाबलों में 586 रन अपने नाम किए हैं, लेकिन वे जिस अंदाज में बल्लेबाजी कर रहे हैं, उसे देखकर इसकी पूरी संभावना है कि वे विलियमसन को पीछे छोड़ देंगे. Also Read - #SundaySocialMediaCheck: केएल राहुल ने बदला हेयरस्टाइल; रोहित ने उड़ाया प्रज्ञान ओझा का मजाक

इन दोनों के अलावा जो बल्लेबाज टॉप 10 की लिस्ट में शामिल हैं, उनमें से केवल दो ही ऐसे हैं जिनकी टीमें प्लेऑफ में पहुंची है. ये हैं महेंद्र सिंह धोनी और शेन वाटसन. धोनी जहां सबसे ज्यादा रन बनाने वालों में नौवें नंबर पर हैं तो वाटसन दसवें. धोनी के नाम 446 और वाटसन के खाते में 438 रन दर्ज हैं, लेकिन रिषभ पंत के 684 रनों से काफी दूर हैं और इसकी उम्मीद कम है कि दो-तीन मैचों में वे इस फासले को दूर कर पाएंगे.