मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर (Sachin Tendulkar) का मानना है कि विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (WTC Final) फाइनल में भारत के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाजों के खिलाफ शानदार गेंदबाजी करने वाले काइल जेमीसन (Kyle Jamieson) के पास आने वाले दिनों में विश्व क्रिकेट में सर्वश्रेष्ठ  खिलाड़ियों में से एक बनने की क्षमता है।Also Read - Sachin Tendulkar को मिला नया पार्टनर, बोले- सोशल मीडिया पर आज करा रहा हूं डेब्यू

न्यूजीलैंड को डब्ल्यूटीसी चैंपियन बनाने में जेमीसन का योगदान अहम रहा। उन्होंने मैच में 44 ओवर की गेंदबाजी में 61 रन देकर सात विकेट लिए। इससे साथ ही पहली पारी में उन्होंने 21 रन भी बनाए। Also Read - Tokyo Olympics 2020: Mirabai Chanu ने ओलंपिक मेडल जीतकर रचा इतिहास, Sachin Tendulkar का ट्वीट- आपने भारत को गौरवान्वित किया

तेंदुलकर ने अपने यू-ट्यूब चैनल पर कहा, ‘‘काइल जेमीसन एक शानदार ऑलराउंडर हैं। वो आगे चल कर विश्व क्रिकेट में सर्वश्रेष्ठ ऑलराउंडरों में से एक बनेंगे। जब मैंने उन्हें न्यूजीलैंड में पिछली बार देखा था तब उन्होंने मुझे प्रभावित किया था।” Also Read - Guru Purnima 2021: VIDEO- गुरु पूर्णिमा के दिन स्वर्गीय कोच Ramakant Achrekar के घर पहुंचे Sachin Tendulkar, यूं किया नमन

तेंदुलकर ने इसके बाद विस्तार से बताया कि इंग्लैंड की परिस्थितियों ने जेमीसन की गेंदबाजी को और भी घातक क्यों बना दिया। उन्होंने कहा, ‘‘अगर आप उनकी गेंदबाजी को देखें तो वो काफी लंबे कद का है और स्विंग से ज्यादा वो गेंद की सीम का इस्तेमाल करना पसंद करते है। वो टिम साउदी, ट्रेंट बोल्ट और नील वैगनर की तुलना में अलग गेंदबाज हैं।’’

उन्होंने बताया, ‘‘जेमीसन जोर लगाकर गेंद को पिच पर टप्पा करते है। उसने कलाई से एंगल बनाकर इनस्विंग (दाएं हाथ के बल्लेबाज के लिए अंदर आने वाली गेंद) गेंदबाजी की। उसकी गेंदबाजी में वैरिएशन थी और मुझे उसकी निरंतरता काफी पसंद आई।’’

तेंदुलकर को जेमीसन द्वारा कद का इस्तेमाल कर बड़ा शॉट खेलने का तरीका भी पसंद आया। उन्होंने कहा, ‘‘विलियमसन के साथ उनकी साझेदारी न्यूजीलैंड के लिए महत्वपूर्ण थी। उन्होंने पहली गेंद से अटैक करना चुना और अपनी लंबाई (कद) का बेहतरीन तरीके से इस्तेमाल किया। एक लंबा बल्लेबाज के लिए फ्रंट-फुट (आगे निकल कर) पर आना शानदार है। इससे गेंदबाजों की लय बिगड़ी और उन्हें अपनी गेंद की लंबाई छोटी करनी पड़ी।’’

भारत की बारे में उन्होंने कहा कि मैच के छठे दिन पहले घंटे के खेल में विराट कोहली और चेतेश्वर पुजारा का विकेट गिरना निराशाजनक रहा। उन्होंने कहा, ‘‘आखिरी दिन यह काफी जरूरी था कि पहले ड्रिंक्स ब्रेक (शुरुआती एक घंटा) तक बिना किसी नुकसान के बल्लेबाजी की जाए। इसके बाद हमारे बल्लेबाजों के पास बड़े शॉट खेलने की क्षमता है। इससे बाकी खिलाड़ियों को भी लगता कि वे सुरक्षित है और न्यूजीलैंड लक्ष्य हासिल नहीं कर पायेगा। दिन की शुरूआत में अच्छी साझेदारी करना जरूरी था।’’