पुणे: सोमवार को दिल्‍ली डेयरडेविल्‍स के खिलाफ धमाकेदार पारी खेलकर चेन्‍नई सुपरकिंग्‍स को जीत दिलाने वाले टीम के कप्‍तान महेंद्र सिंह धोनी ने पीठ के दर्द के साथ मैच खेला. वे पीठ के दर्द से परेशान हैं, लेकिन एक के बाद एक मुकाबले होने के चलते उन्‍हें आराम का मौका भी नहीं मिल पा रहा है. हालांकि, पूरी तरह फिट नहीं होने के बावजूद ऐसी पारी खेलने वाले धोनी ने इस जीत के लिए टीम की ओपनिंग साझेदारी को श्रेय दिया.

चेन्नई ने सोमवार रात को महाराष्ट्र क्रिकेट स्टेडियम में इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 11वें संस्करण में शेन वाटसन और फाफ डु प्लेसिस बीच पहले विकेट के लिए हुई शानदार शतकीय साझेदारी की बदौलत चार विकेट पर 211 रन का विशाल स्कोर बनाया . इसके बाद टीम के गेंदबाजों ने दिल्ली को पांच विकेट पर 198 रन पर रोक कर 13 रन से मैच जीत लिया.

धोनी ने मैच के बाद कहा, “पीठ के दर्द की वजह से ज्यादा कुछ नहीं किया जा सकता था क्योंकि आराम करने के लिए समय नहीं है. इस वजह से मैं ज्यादा ट्रेनिंग भी नहीं कर पाया था, लेकिन टी-20 में ज्यादा वर्कलोड नहीं होता, इसलिए मैनेज किया जा सकता है. हमारे लिए एक अच्छी शुरुआत बेहद जरूरी थी, रनों के लिहाज से नहीं बल्कि एक साझेदारी के तौर पर.”

धोनी नंबर पांच पर बल्लेबाजी करने के लिए उतरे थे और उन्होंने 22 गेंदों पर दो चौके और पांच छक्के की बदौलत नाबाद 51 रन की अर्धशतकीय पारी खेली. कप्तान ने कहा, “मैंने खुद को प्रमोट किया और पांच नंबर पर बल्लेबाजी करने के लिए उतरा. अच्छा लगता है जब आप आठवें या 10वें ओवर में उतरते हैं, क्योंकि इससे गेंदबाज भी नहीं जानता कि बल्लेबाज किस गेंद पर बड़ा शॉट खेलेगा.”

उन्होंने कहा, “विकेट को देखकर लगा कि यहां एक विदेशी बल्लेबाज को भेजना ठीक होता. सैम बिलिंग्स को आराम की जरूरत है. लेकिन, अंबाती रायडू के मध्यक्रम में होने और फाफ डु प्लेसिस के ओपनिंग करने से हमारा काम आसान हो गया. रायडू में किसी भी नंबर पर रन बनाने की क्षमता हैं.”