दिसंबर 2018 में भारतीय टेस्ट टीम के लिए डेब्यू करने वाले मयंक अग्रवाल के लिए साल 2019 बेहद खास रहा। मयंक ने इस साल खेली 8 टेस्ट पारियों में उन्होंने 792 रन बनाए, जिसमें दो शानदार दोहरे शतक भी शामिल हैं। अपने सफर के बारे में मयंक ने कहा कि बतौर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर उन्होंने इस साल का पूरा आनंद लिया। Also Read - Ind vs Eng: इंग्लैंड को हरा MS Dhoni से आगे निकले कोहली, मोटेरा के मैदान पर टूटे कई रिकॉर्ड

टाइम्स ऑफ इंडिया को दिए इंटरव्यू के दौरान मयंक से जब इस साल की सबसे बड़ी उपलब्धि के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, “एक चीज को चुन पाना मुश्किल है। भारत की जर्सी पहनकर खेलना सबसे खास है। हमने कई शानदार जीत हासिल की और वो यादें मेरे साथ हैं। मैंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर के तौर पर इस साल का पूरा आनंद लिया।” Also Read - इंग्लैंड के खिलाफ जीत के बाद भी इस बात ने नाराज हैं कप्तान कोहली; बल्लेबाजी को लेकर कही ये बात

मयंक अग्रवाल का सफर हर उस खिलाड़ी के लिए उदाहरण है जो घरेलू क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन कर राष्ट्रीय टीम में शामिल होने के सपने देख रहा है। हालांकि अग्रवाल ने माना कि उनका सफर बाकी खिलाड़ियों की तुलना में काफी अलग है। Also Read - IND vs ENG: दो दिन में खत्म हुआ पिंक बॉल टेस्ट, Axar और Ashwin जीत के हीरो- भारत सीरीज में 2-1 से आगे

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उन्होंने कहा, “मुझे लगता है कि मेरा सफर बाकियों से अलग रहा है। मुझे ये काफई पसंद रहा। हां, मैंने काफी ज्यादा घरेलू मैच खेले, जिससे कि मुझे मदद ही मिली। उन मैचों को खेलने से मैं बेहतर खिलाड़ी बना।”

फिलहाल टीम इंडिया श्रीलंका और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीमित ओवर फॉर्मेट सीरीज में व्यस्त है जिसके चलते मयंक टीम से बाहर हैं। मयंक फिर से घरेलू क्रिकेट में लौटने के लिए उत्साहित हैं। हालांकि बीसीसीआई के अपील के बाद कर्नाटक रणजी टीम ने मयंक को मुंबई के खिलाफ होने वाले रणजी ट्रॉफी मैच से बाहर रखने का फैसला किया है।