नई दिल्ली.  प्रशासकों की समिति (सीओए) ने बीसीसीआई के मुख्य कार्यकारी अधिकारी राहुल जौहरी से सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ #मीटू पर अज्ञात अकाउंट से कथित यौन उत्पीड़न के आरोपों के बारे में स्पष्टीकरण मांगा है.लेखक हरनिध कौर ने इस अज्ञात पीड़ित के आरोपों को पोस्ट किया है जिन्होंने डिस्कवरी चैनल पर जौहरी की पूर्व साथी होने का दावा किया है. जौहरी ने अभी तक इस पर कोई प्रतिकिया नहीं दी. Also Read - BCCI AGM बैठक: 24 दिसंबर को आईपीएल की नई टीमों, टीम इंडिया की FTP पर होगी चर्चा

जौहरी ने 2001 से 2016 तक इस चैनल के साथ विभिन्न पदों पर काम किया, इसके बाद वह बीसीसीआई के सीईओ बने.कौर की ट्वीट ने स्क्रीनशाट भी हैं और इसमें कथित घटना को विस्तार से बताया गया है. इसके अनुसार, ‘‘कई आला अधिकारियों के खिलाफ मीडिया में ईमेल भेजे गये हैं. पीड़ित ने सभी नाम नहीं बताने को कहा है. राहुल जौहरी, तुम्हारा समय खत्म, #मीटू.’’ Also Read - Rohit Sharma की चोट को लेकर गौतम गंभीर ने तोड़ी चुप्पी, VVS Laxman ने भी जताई हैरानी

इस पोस्ट पर प्रतिक्रिया करते हुए सुप्रीम न्यायालय द्वारा नियुक्त सीओए ने जौहरी से स्पष्टीकरण मांगा है, इसमें कोई समय सीमा नहीं दी गयी है. सीओए के बयान के अनुसार, ‘‘इन रिपोर्ट में अज्ञात व्यक्ति ने ट्विटर हैंडल पर राहुल जौहरी के खिलाफ यौन उत्पीड़न के आरोपों का खुलासा किया है. ये आरोप उनकी पिछले कार्यकाल से संबंधित हैं. ’’ इसमें कहा गया है, ‘‘हालांकि, ये आरोप बीसीसीआई में उनके कार्यकाल के दौरान से संबंधित नहीं है, पर बीसीसीआई की प्रशासकों की समिति को यह उचित लगा कि उनसे इन आरोपों के संबंध में स्पष्टीकरण मांगा जाये. ’’ इसके अनुसार, ‘‘उन्हें एक हफ्ते के अंदर स्पष्टीकरण सौंपने के लिये कहा गया है. आगे की कार्रवाई इसके अनुसार होगी. ’’ Also Read - Virat Kohli को सुननी पड़ती है आलोचना, BCCI उन्‍हें कैसे अंधेरे में रख सकता है ? Gautam Gambir ने सुनाई खरी-खरी

जौहरी को 17 और 18 अक्टूबर को सिंगापुर में होने वाली आईसीसी के मुख्य कार्यकारी समिति की बैठक में बीसीसीआई का प्रतिनिधित्व करना है और सीओए ने स्पष्ट कर दिया है कि उन्हें इसमें शामिल होने से रोका नहीं जाएगा. सीओए प्रमुख विनोद राय ने कहा, ‘‘ जब तक वह अपनी स्पष्टीकरण नहीं सौंपते है और कानूनी टीम उसका आकलन नहीं करती तब तक हम उनकी कार्यात्मक शक्तियां कम नहीं कर रहे हैं.’’

कौर ने बाद में ट्वीट किया कि वह नहीं चाहतीं कि उनके ट्विटर पर बतायी गयी जानकारी को प्रकाशित किया जाये. उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘मीडिया में सभी, मेरे ट्वीट को, मेरे नाम को और इस ट्वीट के स्क्रीनशाट का किसी भी तरह इस्तेमाल या प्रकाशित नहीं करें. अगर आप ऐसा करते हैं तो यह हमारी इस विशेष अनुरोध का उल्लघंन होगा. ’’ जौहरी फिक्की और एसोचेम की विभिन्न समितियों के भी सदस्य रहे हैं.