नई दिल्ली. अगर कोई टीम 350 से भी ज्यादा का टोटल खड़ा कर हारती है तो इसे अनहोनी नहीं तो और क्या कहेंगे. मोहाली में टीम इंडिया के साथ भी ऐसी ही अनहोनी हो गई. अक्सर हम देखते हैं कि टीम जब हारती है तो क्रिकेट फैंस मैच में खेल रहे खिलाड़ी को ही हार का गुनाहगार ठहराते हैं. लेकिन मोहाली में हुई अनहोनी के साथ ऐसा नहीं है. यहां टीम इंडिया हारी तो फैंस ने इसकी वजह मैच में खेल रहे खिलाड़ियों के बजाए बाहर बैठे धोनी को ठहराया है. क्रिकेट फैंस के मुताबिक टीम इंडिया को धोनी को इस मुकाबले में खिलाना चाहिए था.

तो देखा आपने धोनी टीम के साथ न होकर भी कैसे फैंस के दिलो-दिमाग पर अपना असर छोड़ रहे हैं. मोहाली की हार के बाद फैंस को धोनी की याद आने की अब वजह भी जान लीजिए. दरअसल, इसकी बड़ी वजह है विकेट पीछे रिषभ पंत का खराब परफॉर्मेन्स. मोहाली के मुकाबले में पंत ने 2 स्टंपिंग के साथ कुल 3 चांस मिस किए, जो शायद धोनी होते तो मुमकिन नहीं होता.

भारत की जीत में ‘कुलचा’ यानी कुलदीप और चहल की जोड़ी का रोल अहम रहता है. लेकिन, उसमें धोनी का बड़ा रोल रहता है जो लगातार इन दोनों को ये बताते रहते हैं कि कहां गेंद डालनी है. यही नहीं वो उन्हें अपनी चतुराई और फुर्ती से विकेट दिलाने में भी कामयाब रहते हैं.

लेकिन, मोहाली वनडे में धोनी की गैर मौजूदगी का असर इन कुलदीप और चहल की गेंदबाजी पर भी साफ पड़ा.