केविन रॉबर्ट्स ने मंगलवार को क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया (सीए) के मुख्य कार्यकारी पद से इस्तीफा दे दिया था. उनकी जगह टी-20 विश्व कप के मुख्य कार्यकारी निक हॉकले को अंतरिम व्यवस्था के तौर पर सीए का अध्यक्ष पद सौंपा गया है. वह ऐसे समय में यह पद संभाल रहे हैं जब कोविड-19 महामारी के कारण बोर्ड वित्तीय संकट से जूझ रहा है.Also Read - IND vs SA: साउथ अफ्रीका के खिलाफ इन 7 बड़ी वजहों से हारा भारत, दूसरे मैच में नहीं दोहराएगा ये गलतियां

‘केविन रॉबर्ट्स ‘भरोसा और सम्मान’ खो चुके थे’ Also Read - IND vs SA: Virat Kohli ने तोड़ा Sachin Tendulkar का रिकॉर्ड, विदेशों में सर्वाधिक रन बनाने वाले भारतीय

इंटरेनशनल क्रिकेट काउंसिल (आईसीसी) के पूर्व मुख्य कार्यकारी मैलकम स्पीड ने कहा है कि केविन रॉबर्ट्स ‘भरोसा और सम्मान’ खो चुके थे जिसके कारण उन्हें सीए के शीर्ष पद से हटना पड़ा तथा उनकी जगह कार्यभार संभालने वाले निक हॉकले का काम किसी नए स्पिनर का डेब्यू मैच में ही विराट कोहली का सामना करने जैसा है. Also Read - 'लंबे समय तक कप्तान रहने के बाद सिर्फ एक खिलाड़ी के रूप में खेलना विराट कोहली के लिए आसान नहीं होगा'

स्पीड ने एसईएन रेडियो से कहा, ‘ऐसा लगता है कि वह खिलाड़ियों का भरोसा और सम्मान खो चुके थे. एक बार किसी गुरु ने मुझसे कहा था, ‘सम्मान और भरोसा कौमार्य की तरह है, एक बार खोने पर उन्हें वापस पाना मुश्किल होता है.’

उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि केविन के साथ भी ऐसा ही हुआ. उन्होंने भरोसा और सम्मान खो दिया. जब उन्होंने पद संभाला था तो उनके पास समय था लेकिन वह ऐसा नहीं कर पाए और वह संदेश को सही तरह से नहीं पहुंचा पाए.’

‘हॉकले का काम आसान नहीं होगा’

हॉकले के लिए अब काम आसान नहीं होगा और उन्हें विभिन्न हितधारकों का भरोसा जीतना होगा जिनमें प्रांत, खिलाड़ी और उनके कर्मचारी भी शामिल हैं. इसके अलावा टी-20 विश्व कप को भी लेकर भी अनिश्चितता बनी हुई है जिस पर आईसीसी अगले महीने फैसला कर सकती है.

स्पीड ने कहा, ‘कोई मुश्किल समय नहीं है. यह कुछ हद तक वैसा ही है जैसे किसी नए ऑफ स्पिनर को अपना पहला ओवर विराट कोहली के लिए करने को कहा जाए.’ उन्होंने कहा, ‘मैं निक हॉकले को नहीं जानता. मुझे लगता है कि वह पिछले कुछ समय से क्रिकेट से जुड़े हैं. उन्हें यहां कई चुनौतियों का सामना करना होगा.’