लंदन। ओवल मैदान पर इंग्लैंड के खिलाफ खेले जा रहे पांचवें और आखिरी टेस्ट मैच में विकेटकीपर रिषभ पंत ने जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए शतक जमाया. पंत का शतक ऐसे वक्त पर आया जब टीम हार की तरफ बढ़ रही थी. दूसरे छोर पर केएल राहुल जमे हुए थे और पंत उनका बखूबी साथ दे रहे थे. पंत से पहले राहुल ने भी शतक पूरा किया था.

पंत के टेस्ट करियर का पहला शतक

पंत ने मोइन अली की गेंद पर छक्का मारकर अपने टेस्ट करियर का पहला शतक पूरा किया. वह अपने करियर का पहला शतक बनाने वाले भारत के सबसे युवा विकेटकीपर बल्लेबाज हैं. खास बात ये है कि पंत ने अपने पहले टेस्ट मैच में भी छक्का मारकर ही अपनी पारी की शुरुआत की थी.

चायकाल तक लोकेश राहुल (नाबाद 142) और रिषभ पंत (नाबाद 101) के बीच छठे विकेट के लिए 177 रन की जबर्दस्त साझेदारी कर चुके थे. इन दोनों बल्लेबाजों के दम पर भारत ने पांचवें दिन चायकाल तक पांच विकेट पर 298 रन बना लिए थे. इंग्लैंड ने भारत के सामने 464 रनों का लक्ष्य रखा हुआ है.

तेजी से पूरा किया शतक

चायकाल के समय राहुल 210 गेंदों की पारी में 19 चौकों और एक छक्के की बदौलत 142 रन और पंत 118 गेंदों की पारी में 14 चौकों और तीन छक्के की मदद से 101 रन बनाकर क्रीज पर मौजूद थे. भारत ने लंच के बाद पांच विकेट पर 167 रन से आगे खेलना शुरू किया. राहुल ने 108 और पंत ने 12 रन से आगे अपनी पारी को बढ़ाया. पंत ने तेजी से खेलते हुए पहले अर्धशतक और फिर शतक पूरा किया.

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पांचवें दिन के दूसरे सत्र में राहुल और पंत ने 30 ओवर में 131 रन जोड़े. इससे पहले, भारत ने सुबह अपने कल (सोमवार) के स्कोर तीन विकेट पर 58 रन से आगे खेलना शुरू किया. राहुल ने 46 और अजिंक्य रहाणे ने 10 रन से आगे खेलना शूरू किया. दोनों बल्लेबाजों ने चौथे विकेट के लिए 118 रनों की साझेदारी की. रहाणे टीम के 120 के स्कोर पर मोइन अली की गेंद पर आउट हो गए. उन्होंने 106 गेंदों की पारी में पांच चौकों की मदद से 37 रन बनाए.

रहाणे के आउट होने के एक रन बाद ही अपना पदार्पण मैच खेल रहे और पहली पारी में अर्धशतक बनाने वाले हनुमा विहारी खाता खाले बिना बेन स्टोक्स की गेंद पर आउट हो गए. राहुल ने इसके बाद पंत के साथ मिलकर लंच तक भारत को और झटका नहीं लगने दिया.