नई दिल्ली: प्रो कबड्डी के अंतिम मुकाबले में पटना पाइरेट्स ने गुजरात फार्च्यूनजायंट्स को 55-38 से हराकर तीसरी बार जीत का खिताब अपने नाम कर लिया. फाइनल में कप्तान परदीप नरवाल ने 19 अंक लेकर गुजरात के लिए कोई नहीं छोड़ा. गुजरात ने शुरुआत में बढ़त जरुर बना ली थी लेकिन परदीप और डिफेन्स के सामने गुजरात की टीम कमजोर पड़ गई और पाइरेट्स चैम्पियन बन गई.

प्रो-कबड्डी लीग के सीजन-3 और सीजन-4 की विजेता पटना ने जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में शनिवार को खेले गए खिताबी मैच में गुजरात को 55-38 से मात देकर तीसरी बार खिताब अपने नाम किया. प्रदीप ने इस मैच में कुल 19 रेड अंक हासिल किए. पटना को इस जीत के बाद पांच करोड़ रुपये की ईनामी राशि मिली जबकि गुजरात के हिस्से उपविजेता के तौर पर 1.5 करोड़ रुपये की रकम आई.

पूरी लीग में अपने बेहतरीन डिफेंस के दम पर अच्छी-अच्छी टीमों को घूल चटा चुकी गुजरात का डिफेंस इस मैच में प्रदीप को रोक नहीं पाया. मोनू गोयत ने दो रेड अंक लेकर पटना का खाता खोला, लेकिन अगले ही पल में राकेश नरवाल ने सुपर रेड मारकर तीन अंक लेते हुए गुजरात को 3-2 से आगे कर दिया.

इस बढ़त को सचिन तंवर, सुकेश और राकेश ने सफल रेड मारते हुए बरकरार रखा. सुकेश ने अंत में सुपर रेड मारकर पटना के पाले में बचे खिलाड़ियों को बाहर करते हुए ऑल आउट करते हुए गुजरात को 9-3 से मजबूती दे दी. एक समय पर दोगुने अंकों के अंतर से पीछे चल रही पटना को विजय, मोनू और प्रदीप ने संभाला. इस मैच में पटना का डिफेंस भी काम कर रहा था. प्रदीप ने गुजरात को ऑल आउट करते हुए स्कोर 15-15 से बराबर कर दिया.

अपनी खिताबी हैट्रिक की कोशिश में लगी पटना ने इसके बाद अपने डिफेंस से गुजरात के रेडरों को आउट करते हुए और मोनू तथा प्रदीप के अच्छे खेल के दम पर पहले हाफ की समाप्ति 21-18 के स्कोर के साथ की. दोनों टीमों के बीच मैच रोमांचक हो गया था. दूसरे हाफ की शुरुआत में प्रदीप ने फजेल को आउट कर गुजरात को लगभग ऑल आउट की कगार पर ला खड़ा किया. अगले ही पल गुजरात का अंतिम रेडर असफल हुआ और पटना ने 28-21 से मजबूत बढ़त बना ली.

गुजरात के डिफेंडरों ने रेड मारने आए प्रदीप को आउट कर बाहर किया और महेंद्र तथा सचिन की रेड से अंक हासिल करते हुए स्कोर 30-26 किया. एक बार फिर प्रदीप ने गुजरात को ऑल आउट किया और न सिर्फ पटना को 38-26 की बढ़त दी, बल्कि सुपर-10 भी हासिल किया. मैच की समाप्ति में आठ मिनट बाकी थे और गुजरात के लिए पटना की बढ़त को खत्म करते हुए बढ़त लेना मुश्किल नजर आ रहा था.

इस मौके पर गुजरात के लिए आशा की किरण बनकर आए महेंद्र ने दो रेड अंक लिए और इसके बाद चंद्रन रणजीत ने तीन रेड अंक लेकर स्कोर 33-39 कर दिया. पटना अब भी छह अंक आगे थी. खेल के रुख को पलटने की कोशिश में लगी गुजरात की कोशिशों पर पानी फेरते हुए प्रदीप ने सुपर रेड मारकर तीन अंक लिए और पटना को फिर 45-34 से आगे कर दिया. पटना एक बार फिर 11 अंकों से आगे हो गई.

ऑल आउट की कगार पर पहुंचने वाली पटना ने गुजरात के दोनों अहम रेडरों अबोजार और फजेल को आउट किया. अंतिम दो मिनट और एक बार फिर गुजरात को ऑल आउट करते हुए पटना ने 53-37 की शानदार बढ़त ले ली और खिताबी हैट्रिक पक्की कर ली. यहां से फिर पटना ने सिर्फ समय काटा और खिताबी हैट्रिक लगाई.