टीम इंडिया के कोच रवि शास्त्री को आज बीसीसीआई से फ्री हैंड मिल गया. बोर्ड ने राहुल द्रविड़ और जहीर खान को दरकिनार करते हुए शास्त्री की मांग पर पुराने स्टाफ को दोबारा नियुक्त कर लिया है. बोर्ड ने आज ऐलान किया कि संजय बांगर को सहायक कोच, भरत अरूण को गेंदबाजी कोच और श्रीधर को फील्डिंग कोच के तौर पर दोबारा नियुक्त किया गया है. Also Read - ICC Test Team Rankings: न्यूजीलैंड को पछाड़ फिर आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में नंबर वन बनी टीम इंडिया, इंग्लैंड को रौंदने का मिला तोहफा

शास्त्री जब टीम डायरेक्टर थे तब भी अरूण गेंदबाजी कोच थे. उन्होंने जल्द ही शुरू होने वाले अपने दूसरे कार्यकाल के दौरान भी अरूण को ही यह जिम्मेदारी सौंपने के लिए कहा था. अरूण को दो साल के अनुबंध पर नियुक्त करने का फैसला शास्त्री की प्रशासकों की समिति (सीओए) और कार्यवाहक अध्यक्ष सीके खन्ना और सचिव अमिताभ चौधरी सहित बीसीसीआई अधिकारियों से मुलाकात के बाद किया गया. Also Read - शर्मनाक हार के बाद बोले Joe Root, 'पहला मैच तो ठीक था, लेकिन बाकी में हम Team India की बराबरी नहीं कर पाए'

प्रेस कांफ्रेंस में शास्त्री ने कहा कि मेरी अपनी मुख्य टीम को लेकर सोच स्पष्ट थी और आपने अभी उसके बारे में सुना. इसके अलावा बीसीसीआई ने वनडे विश्व कप 2019 तक संजय बांगड़ को सहायक कोच और आर श्रीधर को क्षेत्ररक्षण कोच नियुक्त करने का भी फैसला किया. उनकी नियुक्ति का मतलब है कि बीसीसीआई ने पूरी तरह से यू टर्न लिया है। उसने पहले जहीर खान को गेंदबाजी सलाहकार नियुक्त किया था और बाद में स्पष्टीकरण दिया था कि यह केवल विदेशी दौरों के लिए है. राहुल द्रविड़ की बल्लेबाजी सलाहकार पद पर स्थिति को लेकर भी कुछ स्पष्टता नहीं है. Also Read - चौथे टेस्ट में इंग्लैंड को रौंदकर शान से ICC World Test Championship के फाइनल में पहुंचा भारत

जहीर और द्रविड़ के बारे में पूछे गये सवाल पर शास्त्री का जवाब था कि यह सब उनकी उपलब्धता पर निर्भर करता है. यह एक व्यक्ति पर निर्भर करता है कि वह कितने दिन टीम को देना चाहता है लेकिन उनकी राय अमूल्य होगी और उनका स्वागत है. ये दोनों शानदार क्रिकेटर हैं. मैंने उनसे अलग से बात की है. उनकी राय बहुत काम की साबित होगी.

सीएसी का जताया आभार

शास्त्री अपनी नियुक्ति की घोषणा के समय लंदन में थे. उन्होंने इस महत्वपूर्ण पद पर उनका चयन करने के लिये क्रिकेट सलाहकार समिति (सीएसी) का आभार व्यक्त किया जिसमें सचिन तेंदुलकर, सौरव गांगुली और वीवीएस लक्ष्मण शामिल हैं. उन्होंने कहा कि मैं सीएसी का आभार व्यक्त करना चाहूंगा क्योकि भारतीय टीम का कोच बनना बड़ा सम्मान है. मैं सीएसी का इसलिए भी आभार व्यक्त करता हूं कि उसने मुझे इस पद के लायक समझा.

Spoke to both individuals personally,they are fantastic cricketers, their inputs will be invaluable-Ravi Shastri on #ZaheerKhan #RahulDravid pic.twitter.com/sPRUYsZwO3

शास्त्री को हेड कोच बनाए जाने के बाद से ही खबरें थीं कि वह भरत अरुण को गेंदबाजी कोच बनाए जाने पर अड़ गए हैं. इसी के साथ ही वह पुराना स्टाफ भी चाहते थे. हालांकि क्रिकेट सलाहकार कमेटी ने जहीर खान को बोलिंग कोच और राहुल द्रविड़ को विदेशी दौरे पर बैटिंग कोच नियुक्त किया था.

सीएसी ने जहीर-द्रविड़ को चुना था 

सचिन तेंदुलकर, सौरव गांगुली और वीवीएस लक्ष्मण वाली सीएसी ने इंटरव्यू के बाद कप्तान विराट कोहली की पसंद रवि शास्त्री को हेड कोच चुना था. इसके साथ ही जहीर खान को गेंदबाजी कोच नियुक्त किया था. जबकि राहुल द्रविड़ को विदेेशी दौरों पर बल्लेबाजी कोच बनाया था. लेकिन मीडिया की खबरों के मुताबिक शास्त्री इनके चयन से खुश नहीं थे और किसी भी कीमत पर भरत अरुण को गेंदबाजी कोच बनाना चाहते थे. वह पुराने सपोर्ट स्टाफ  के रूप में संजय बांगर और श्रीधर की भी वापसी चाहते थे.

तब क्या कहा था बीसीसीआई ने?

11 जुलाई को बीसीसीआई के कार्यवाहक अध्यक्ष सीके खन्ना ने पीटीआई से कहा था, क्रिकेट सलाहकर समिति की सिफारिश पर हमने रवि शास्त्री को मुख्य कोच नियुक्त करने का फैसला किया है जबकि जहीर खान को दो साल के लिए गेंदबाजी कोच नियुक्त किया गया है. वहीं राहुल द्रविड़ को विशिष्ट विदेशी दौरों के लिए बल्लेबाजी सलाहकार नियुक्त किया गया.