नई दिल्‍ली: रोजर बिन्‍नी भारतीय क्रिकेट के कुछेक उन लोगों में शामिल हैं जो खिलाड़ी से लेकर टीम के कोच और क्रिकेट प्रशासन तक में रहे हैं. शुक्रवार को बिन्‍नी ने भारतीय क्रिकेट टीम चुनने वाले चयनकर्ताओें के सिलेक्‍शन पर ही सवाल उठा दिए. बिन्‍नी के निशाने पर वैसे लोग हैं जिन्‍हें अंतरराष्‍ट्रीय क्रिकेट का ज्‍यादा अनुभव नहीं है, लेकिन चयन समिति के सदस्‍य बन जाते हैं. Also Read - Rohit Sharma, Ishant Sharma के लिए क्‍वारंटाइन नियम में नरमी चाहता है BCCI, CA से कियाअनुरोध

बिन्‍नी ने शुक्रवार को कहा, मुझे लगता है कि बीसीसीआई को अच्‍छे चयनकर्ताओें का सिलेक्‍शन करना चाहिए. चयनकर्ता बनने के लिए कुछ तो योग्‍यता निर्धारित हो. कम से कम 20 टेस्‍ट मैच खेलने वाले ही चयन समिति में चुन जाएं. चयनकर्ता खुद अच्‍छा खिलाड़ी होगा तो टीम मैनेजमेंट या कप्‍तान उस पर अपनी मर्जी नहीं थोप पाएंगे. Also Read - BCCI का कहना- टेस्ट टीम का हिस्सा नहीं थे रोहित-इशांत; ऑस्ट्रेलिया दौरे से बाहर होने की संभावना

रोजर बिन्‍नी 1983 में कपिल देव की कप्‍तानी में वर्ल्‍ड कप जीतने वाली टीम के सदस्‍य रहे हैं. संन्‍यास लेने के बाद वे अंडर 19 टीम के साथ जुड़े, कर्नाटक क्रिकेट एसोसिएशन में रहे, बंगाल रणजी टीम के कोच रहे और सिलेक्‍शन कमेटी में भी रहे.

हाल के दिनों में टीम इंडिया में कई खिलाडि़यों के चयन पर सवालिया निशान उठते रहे हैं. कई बार टीम मैनेजमेंट के पसंदीदा खिलाडि़यों के चयन पर भी सवाल उठे हैं. चयन समिति में मुख्‍य चयनकर्ता एम एस के प्रसाद, देवांग गांधी और शरणदीप सिंह ऐसे सदस्‍यों में शामिल हैं जिनके पास 10 से भी 10 से भी कम टेस्‍ट मैच खेलने का अनुभव है.