RR vs KXIP: शारजाह में खेले गए आईपीएल 2020 (IPL 2020) के नौवें मुकाबले में राजस्‍थान ने 224 रन के लक्ष्‍य का पीछा करने के दौरान तीन गेंद बाकी रहते ही मैच अपने नाम कर लिया. ये रन चेज के दौरान आईपीएल के इतिहास की सबसे बड़ी जीत है. आईये हम बताते हैं आखिर कैसे जीतते जीतते पंजाब के हाथे से फिसल गया मैच.Also Read - Rahul Chahar को मिलता अन्‍य गेंदबाजाें का साथ तो SL को 82 रन बनाना भी हो जाता भारी, जानें हार के 5 कारण

राहुल- मयंक ने बनाई 183 रन की साझेदारी Also Read - 19, 6, 8, 2, 23, 15, 10, 27, 7, 0 संजू सैमसन के फ्लॉप टी20 करियर पर भड़के फैन्‍स, इस तरह निकाला गुस्‍सा

राजस्‍थान ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया तो मयंक अग्रवाल 106(50) और केएल राहुल 69 (54) बल्‍लेबाजी के लिए आए. राहुल शुरू से ही आक्रामक नजर आए. दोनों ने जोफ्रा आर्चर, अंकित राजपूत, जयदेव उनादकट की जमकर धुनाई की. 15 ओवरों तक राजस्‍थान के गेंदबाज दोनों का विकेट निकालने के लिए जूझते रहे. इस दौरान मयंक अग्रवाल ने अपने करियर का पहला शतक जड़ा. ये आईपीएल के इतिहास में किसी भी भारतीय का दूसरा सबसे तेज शतक था. Also Read - India vs Sri Lanka, 2nd T20I: भुवनेश्‍वर कुमार ने 19वें ओवर में लुटाए खूब रन, जानें भारत की हार के 5 कारण

स्मिथ-सैमसन ने दिलाई मजबूत शुरुआत

224 रन के लक्ष्‍य का पीछा करने के दौरान पंजाब ने जोस बटलर 4(7) का विकेट जरूर सस्‍ते में गंवा दिया हो लेकिन इसके बावजूद कप्‍तान स्‍टीव स्मिथ और संजू सैमसन ने रनों की रफ्तार को धीमा नहीं होने दिया. स्मिथ ने बैक टू बैक छक्‍के लगाए. वो सात चौकों और दो छक्‍कों की मदद से 27 गेंदों पर 50 रन बनाने के बाद वो जेम्‍स नीशम का शिकार बने.

तेवतियां के कारण मुश्किल में फंसे सैमसन

10वें ओवर में राहुल तेवतियां जब बल्‍लेबाजी के लिए आए तो राजस्‍थान को जीत के लिए 60 गेंदों पर 120 रन की दरकार थी. तेवतियां लगातार गेंद बर्बाद कर रहे थे. इससे दूसरे छोर पर खड़े संजू सैमसन पर दबाव बढ़ने लगा. 17 ओवर बीत जाने के बावजूद तेवतिया 23 गेंदों पर 17 रन बनाकर खेल रहे थे. एक समय ऐसा भी आया जब सैमसन ने तेवतिया को स्‍ट्राइक देना भी बंद कर‍ दिया.

सैसमन ने उठाई रन बनाने की जिम्‍मेदारी

राहुल तेवतियां द्वारा राजस्‍थान को बुरी स्थिति में डालने के बाद अब रन बनाने की जिम्‍मेदारी सैमसन ने उठाई. मैच फंसता देख संजू सैमसन ने पार्ट टाइम गेंदबाज ग्‍लेन मैक्‍सवेल द्वारा डाले गए 16वें ओवर का भरपूर फायदा उठाया और तीन छक्‍कों की मदद से उन्‍होंने 21 रन बटोरे. हालांकि अगले ओवर में मोहम्‍मद शमी अपनी स्‍लो गेंद पर सैमसन का विकेट चटकाने में सफल रहे.

18वें ओवर से एक्‍शन में आए तेवतिया

आखिरी तीन ओवरो में राजस्‍थान को जीत के लिए 18 रन की दरकार थी. गेंदबाजी पर थे शेल्‍डन कॉट्रेल और उनके सामने थे अबतक मैच के मुल्जिम साबि‍त हुए राहुल तेवतिया. तेवतिया ने इस ओवर में पांच छक्‍के  जड़कर मैच का रुख ही पलट दिया. ओवर में 30 रन आए. अब राजस्‍थान को 12 गेंदों पर जीत के लिए 21 रन चाहिए थे. यहां से मैच राजस्‍थान की मुट्ठी में आ गया. 31 गेंदों पर 53 रन जड़कर तेवतियां ने राजस्‍थान की जीत में अहम भूमिका निभाई.