भारतीय फुटबॉल टीम के खिलाड़ी संदेश झिंगन (Sandesh Jhingan) ने कहा कि उन्हें पूर्व दिग्गज क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर (Sachin Tendulkar) की उस बात से प्रेरणा मिलती है जिसमें मास्टर ब्लास्टर ने छठें प्रयास में विश्व कप जीतने का जिक्र किया था।Also Read - शुबमन गिल के पास टेस्ट टीम में किसी भी क्रम पर बल्लेबाजी की तकनीक है : सचिन तेंदुलकर

तेंदुलकर इंडियन सुपर लीग की टीम केरल ब्लास्टर्स के सह-मालिक रह चुके है। झिंगन छह साल से इस फ्रेंचाइजी का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। Also Read - Harbhajan Singh ने चुनी अपनी ड्रीम टेस्ट टीम- स्टीव वॉ को कप्तानी, Sachin Tendulkar और Virender Sehwag भी शामिल

अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ (एआईएफएफ) द्वारा आयोजित फेसबुक चर्चा में झिंगन ने कहा, ‘‘आईएसएल के पहले सत्र के फाइनल में एटीके के खिलाफ हारने के बाद हम काफी हतप्रभ थे। मैं बहुत हताश और परेशान था। तेंदुलकर मेरे पास आये और उन्होंने शांति से मुझे कहा, ‘संदेश मुझे विश्व कप जीतने के लिए छह प्रयास करने पड़े। आप पहली बार हार कर ही अपना दिल नहीं तोड़ सकते’।’’ Also Read - रचिन रवींद्र से पहले भी न्यूजीलैंड के लिए खेल चुके है कई भारतीय मूल के खिलाड़ी, जानें उनके नाम

भारत के रक्षापंक्ति के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में शुमार झिंगन ने कहा, ‘‘तेंदुलकर की सकारात्मकता कमाल की है। जब वह आपके आस-पास होते हैं तो आप खुश और सकारात्मक महसूस करते हो। उनका शांत व्यवहार एक ऐसी चीज है, जिससे किसी को सबक लेना चाहिए। इसलिए वह महान है।’’

झिंगन ने कहा कि आईएसएल ने भारतीय फुटबॉल के समग्र विकास में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा, ‘‘ फीफा रैंकिंग में हमारा 173 से 96वें स्थान पर पहुंचना दिखाता है कि हमने लंबा सफर तय किया है। हमने हाल के दिनों में नेपाल के खिलाफ कड़ा खेल खेलने से लेकर कतर को उनके घरेलू मैदान पर चुनौती देने का काम किया है।’’

एआईएफएफ की तरफ से अर्जुन पुरस्कार के लिए नामांकित इस खिलाड़ी ने कतर के खिलाफ ड्रा (विश्व कप क्वालीफायर) मुकाबले का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘ जब हम ड्रेसिंग रूम से मैदान के अंदर जा रहे थे, हमें तब भी नहीं लगा था कि हम इस मुकाबले में अच्छा नहीं कर पायेंगे। हम अपनी योजना के मुताबिक खेले और सफल रहे।’’