नई दिल्ली.  भ्रष्टाचार के कई मामले झेल रहे श्रीलंका क्रिकेट के मुख्य वित्तीय अधिकारी को वित्तीय धोखाधड़ी के मामले में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया. पुलिस के प्रवक्ता रूवान गुणासेकरा ने कहा कि एसएलसी की शिकायत पर पियाल नंदना को गिरफ्तार किया गया है. श्रीलंका क्रिकेट के सीएफओ की गिरफ्तारी एक कथित वित्तीय धोखाधड़ी से संबंधित है जिसका खुलासा इस साल सितंबर में हुआ है. यह मामला श्रीलंका के मौजूदा इंग्लैंड दौरे के प्रसारण अधिकारों से जुड़े 55 लाख डालर के घोटाले को लेकर है. पुलिस को की गयी शिकायत में श्रीलंका क्रिकेट ने सीएफओ नंदना को मुख्य आरोपी बताया था. नंदना ने हालांकि दावा किया था कि उनके ई-मेल को हैक कर लिया गया था और रकम को किसी अन्य खाते में स्थानांतरित करने का अनुरोध भेजा था. यह रकम इंग्लैंड के मौजूदा दौरे के प्रसारण अधिकारों से जुड़ी है जिसका अधिकार सोनी पिक्चर्स नेटवर्क्स के पास है.

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इससे पहले श्रीलंका सरकार में मंत्री और क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान अर्जुन रणतुंगा ने कहा कि उनके देश में मैच फिक्सिंग से जुड़े मामलों की जांच और कानूनी मसौदा बनाने में भारत मदद करेगा. रणतुंगा ने कहा कि भारत का CBI श्रीलंका क्रिकेट में बड़े पैमाने पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच में तकनीकी विशेषज्ञता मुहैया करा सकता है. रणतुंगा ने नई दिल्ली से लौटने के बाद कहा, ‘‘ हमारे पास इस समस्या से पूरी तरह से निपटने की विशेषज्ञता या कानून नहीं हैं. भारत इससे जुड़ा कानूनी मसौदा बनाने में भी मदद करेगा.’’

सीबीआई ने 2000 में रणतुंगा और टीम के उपकप्तान अरविंद डि सिल्वा पर मैच फिक्सिंग का आरोप लगाया था लेकिन बाद में दोनों को आरोप मुक्त कर दिया गया था. हाल के दिनों में देश के पूर्व दिग्गज खिलाड़ी सनथ जयसूर्या पर आईसीसी ने मैच फिक्सिंग से जुड़ी जांच में सहयोग नहीं करने का आरोप लगाया था।