नई दिल्ली. चैम्पियंस ट्रॉफी हॉकी टूर्नामेंट का फाइनल मुकाबला आज खेला जाना है. इस मुकाबले में भारत और ऑस्ट्रेलिया की टीमें आमने सामने होंगी. नीदरलैंड में खेले जाने वाले इस मुकाबले के लिए इंग्लैंड से भारतीय क्रिकेटर सुरेश रैना ने एक पैगाम छोड़ा है, जिसमें उन्होंने भारतीय हॉकी टीम से इस बार ट्रॉफी जीतकर घर लाने की बात कही है. Also Read - Syed Mushtaq Ali Trophy: सुरेश रैना का धमाकेदार अर्धशतक, भुवनेश्‍वर कुमार का तीन विकेट हॉल, फिर भी UP को मिली हार

2016 के फाइनल में भी भिड़े

इससे पहले भी भारत और ऑस्ट्रेलिया चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में भिड़ चुकी हैं. साल 2016 में खेले उस मुकाबले को ऑस्ट्रेलिया ने शूट आउट से जीता था. यानी आज भारत अगर जीतता है तो ये पहला मौका होगा जब चैंपियंस ट्रॉफी के खिताब पर उसका कब्जा होगा.

दूसरी बार फाइनल में भारत

बहरहाल, भारत ने मेजबान नीदरलैंड के खिलाफ ड्रॉ खेलकर फाइनल में अपनी जगह पक्की की है. ये दूसरी बार है जब भारत ने चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में एंट्री ली है. बता दें कि टूर्नामेंट के नियमों के अनुसार प्वाइंटस टैली की टॉप 2 टीम को फाइनल में जगह मिलती है और उस लिहाज से ऑस्ट्रेलिया नंबर वन जबकि भारत नंबर 2 पर था.

भारत के पास बदले का मौका

फाइनल में भिड़ने से पहले भारत और ऑस्ट्रेलिया ग्रुप स्टेज पर भी एक बार भिड़ चुकी हैं. उस मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया ने भारत को 2-3 से हराया था. ऐसे में देखा जाए तो चैंपियंस ट्रॉफी का फाइनल मुकाबला भारतीय हॉकी टीम के लिए ऑस्ट्रेलिया से बदले का भी मौका है.