एक जून से देश भर में जारी लॉकडाउन में रियायत मिलने के बावजूद बीसीसीआई (BCCI) भारतीय टीम के खिलाड़ियों के लिए एक अभ्यास कैंप का आयोजन नहीं कर पा रहा है। दरअसल देश के अंदर राज्यों के बीच यात्रा पर लगे प्रतिबंधों की वजह से खिलाड़ियों का एक राज्य में आकर अभ्यास कर पाना मुश्किल है। ऐसे में टीम इंडिया (Indian cricket team) के गेंदबाजी कोच भरत अरुण (Bharat Arun) ने खिलाड़ियों से अपने अपने राज्य के स्टेडियम में ही अभ्यास शुरू करने के लिए कहा है।Also Read - COVID-19 Update: देश में आज आए कोरोना के 41,831 नए केस, लगातार बढ़ रहे एक्‍टिव मरीज

अरूण ने फैनकोड के ‘लॉकडाउन बट नॉट आउट’ में कहा, ‘‘आंशिक रूप से लॉकडाउन हट गया है लेकिन अंतर-राज्यीय यात्रा में समस्या होगी। खिलाड़ियों को अब अपने शहर के उपलब्ध मैदानों को दौड़ने के लिए इस्तेमाल करना होगा और इसके साथ वे कौशल निखारना भी इसमें शामिल कर सकते हैं।’’ Also Read - केरल और महाराष्ट्र से कर्नाटक आने वाले सभी यात्र‍ियों के लिए RT-PCR की निगेटिव जांच रिपोर्ट जरूरी: SW Railway

अरूण ने कहा कि खिलाड़ियों को कम से कम डेढ़ महीना मैच फिटनेस हासिल करने में लगेगा और उन्होंने उम्मीद जताई कि उनके अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में खेलना शुरू करने से पहले बीसीसीआई एक टूर्नामेंट आयोजित करा दे तो अच्छा होगा। Also Read - बेहतर खिलाड़ी बनने के लिए रोहित-कोहली से सीख लेने की कोशिश करते हैं रिषभ पंत

उन्होंने कहा, ‘‘हमें अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने के लिए अभी कम से कम छह से आठ हफ्ते लगेंगे, इस दौरान हम पहले कौशल पर काम करेंगे और शिविर में फिटनेस पर ध्यान दिया जायेगा जिसे बाद हम मैच की परिस्थितियों के अनुसार अभ्यास पर प्रगति करेंगे। उम्मीद करते हैं कि बीसीसीआई हमारे अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने से पहले एक टूर्नामेंट आयोजित कर ले जो हमारे लिए शानदार होगा।’’

अरूण ने साथ ही कहा कि लॉकडाउन गेंदबाजों के लिए मामूली चोटों से उबरने और अपनी फिटनेस पर काम करने के लिए अच्छा मौका था।

उन्होंने कहा, ‘‘मैं गेंदबाजों के बारे में चिंतित नहीं हूं क्योंकि उनके पास पिछले दो महीनों से काफी समय था जिसमें वे अपनी मजबूती और अपनी फिटनेस पर काम कर रहे थे। बहुत कम होता है कि एक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर को, विशेषकर हमारे गेंदबाजों को अपनी फिटनेस पर काम करने के लिये इस तरह का समय मिले। उनके लिये मामूली चोटों से उबरने का शानदार मौका था।’’