बास्केटबॉल के महान खिलाड़ी माइकल जॉर्डन चीन में बास्केटबाल खेल का विकास देखकर हैरान हैं। उन्हें खुशी है कि यहां इतने बड़े स्तर पर इस खेल का विकास किया जा रहा है। माइकल (52) 11 साल पहले पहली बार चीन आए थे और अब यहां इस स्तर पर बास्केटबाल का विकास देखकर वह हैरान हैं। वह यहां शेर्लोट बोब्कट्स के चेयरमैन के रूप में 2015 नेशनल बास्केटबॉल चैम्पियनशिप (एनबीए) वैश्विक खेलों में हिस्सा लेने पहुंचे हैं।Also Read - जनरल बिपिन रावत का आर्मी में ऐसा शानदार सफर रहा, देश के पहले चीफ ऑफ डिफेंस तक पहुंचे

Also Read - Indian Steel Sector Challenges: चीन के बढ़ते आयात से भारतीय स्टेनलेस स्टील सेक्टर की बढ़ी चुनौतियां

माइकल ने अपने करियर के दौरान छह एनबीए चैम्पियनशिप में हिस्सा लिया और छह बार एनबीए के सबसे मूल्यवान खिलाड़ी का पुरस्कार भी जीता। Also Read - China IOT Market: चीन का आईओटी बाजार 2025 में 300 बिलियन डॉलर के शीर्ष पर पहुंचने की उम्मीद : रिपोर्ट

माइकल ने एनबीए में 1980 से 90 दशक के बीच अपने बेहतरीन समय को याद करते हुए कहा, “हमने देखा है कि चीन दुनिया में सबसे बड़े बास्केटबॉल प्रशंसकों में से एक बनता जा रहा है। मैंने कभी नहीं सोचा था कि यह इतनी जल्दी और इतना बड़ा बनेगा।”

चीनी बास्केटबॉल संघ के आंकड़ों के अनुसार, चीन की शीर्ष बास्केबॉल लीग सीबीए में साल 1995 में इसकी शुरुआत के समय केवल आठ टीमें थी और अब 20 साल बाद इसमें 20 टीमें हैं। साल 2014 से 2015 सत्र के दौरान इसके दर्शकों की संख्या 74 करोड़ रही।

चीन में बास्केटबॉल खेल के क्षेत्र में भले ही कितने भी बदलाव आए हों, लेकिन चीन के खिलाड़ियों के लिए आज भी माइकल एक लोकिप्रिय सितारे हैं, जिन्हें खेलते देख कई खिलाड़ी बड़े हुए। उनमें से एक हैं, चीन के शीर्ष धावक और हाल ही में एथलेटिक्स विश्व चैंपियनशिप में 400 मीटर रिले रेस की रजत पदक विजेता टीम के सदस्य सु बिंगतियान। यह भी पढ़े – बास्केटबॉल : भारत को हराकर जापान ग्रुप-ए में दूसरे स्थान पर

चीन में अपनी टीम का प्रचार करने आए माइकल यहां एनबीए वैश्विक खेलों की सफलता को देखते हुए इस बात के लिए आश्वस्त हैं कि भविष्य में बास्केटबॉल का विकास कभी नहीं रुकेगा।