Tokyo Olympics 2020, Indian Women Hockey Team Goal Keeper Savita Punia: भारतीय महिला टीम ने फिल्‍म चक दे इंडिया के स्‍टाइल में शानदार प्रदर्शन करते हुए टोक्‍यो ओलंपिक 2020 में ऑस्‍ट्रेलिया को मात देते हुए सेमीफाइनल में जगह क्‍या बनाई कि पूरे देश में जश्‍न का माहौल बन गया. यह पहला मौका है जब ओलंपिक में भारतीय महिला टीम सेमीफाइनल में प्रवेश कर पाई है. टीम की गोलकीपर सविता पुनिया के घर में इन दिनों जश्‍न का माहौल है.Also Read - भारतीय महिला हॉकी टीम ने ओलंपिक पदक नहीं, इससे भी बड़ा कुछ जीता है: कोच मरीन

महिला हॉकी टीम अगर एक और मुकाबला जीत लेती है तो वो फाइनल में प्रवेश करते हुए पदक भी पक्‍का कर लेगी. अगली जी टीम को गोल्‍ड या कम से कम सिल्‍वर पक्‍का करा सकती है. सविता पुनिया के पैतृक गांव में मिठाइयां बाटी जा रही हैं. Also Read - भारतीय हॉकी स्टार वंदना कटारिया के परिवार पर की जातिसूचक टिप्प्णी, एक आरोपी गिरफ्तार

सविता के चाचा ओम प्रकाश पुनिया ने न्‍यूज एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए कहा, “उनके पिताजी, दादाजी समेत पूरा परिवार इसी गावं में जन्में है. 2019 में जब सविता यहां आई थी तो गावं वालो ने उसे सिल्वर हॉकी से नवाजा था.” Also Read - Tokyo Olympics 2020: शाहरुख खान और अन्य बॉलीवुड हस्तियों ने सेमीफाइनल में जगह बनाने के लिए भारतीय महिला हॉकी टीम की कुछ यूं सराहना की| Watch

झांसल के सरपंच, ओप प्रकाश पुनिया ने आगे बात करते हुए कहा कि “सविता के पिता यहीं जन्मे और यहीं बड़े हुए हैं. वे 25 साल पहले हरियाणा जा कर बस गए पर सविता को जब भी मौका मिलता है वह यहां जरुर आती हैं और हम सबसे मिलकर हमारा प्यार और आशिर्वाद लेती हैं.”

पुनिया ने ऑस्ट्रेलिया के हर प्रहार को नाकाम करते हुए भारतीय टीम को सेमीफाइनल में पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई थी.

टोक्‍यो ओलंपिक में भारतीय टीम अबतक केवल तीन पदक ही पक्‍के कर पाई है. मीरार्बा चानू के अलावा पीवी सिंधु और लवलीना ही भारत को पदक दिलाने में कामयाब रही है. ऐसे में में हॉकी टीम से भारत को चौथा पदक मिलने की उम्‍मीद है.