नई दिल्ली.  टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली ने देश छोड़ने की सलाह देने वाले अपने विवादास्पद बयान पर सफाई दी है. कोहली ने कहा है कि वह लोगों की पसंद करने की आज़ादी का समर्थन करते हैं लेकिन उन्होंने उस टिप्पणी पर इसलिए बोला क्योंकि उसमें ‘ये भारतीय’ कहा गया था. उन्होंने ट्वीट किया, “मुझे लगता है कि दोस्तों ट्रोलिंग मेरे लिए नहीं है, मैं ट्रोल होते रहना ही पसंद करूंगा. मैंने केवल उस कमेंट में ‘ये भारतीय’ कहने पर बोला था और कुछ नहीं. मैं किसी को भी पसंद करने की आज़ादी का समर्थन करता हूं. दोस्तों इसे हलके में लें और त्योहारी मौसम का आनंद लें. प्यार और सभी के लिए शांति.”

दरअसल, इस पूरे मामले ने तूल तब पकड़ा था जब बुधवार को कोहली की ऐप पर एक वीडियो आया था, जिसमें वह ट्विटर और इंस्टाग्राम पर आए संदेशों को पढ़ रहे थे. इसी दौरान उन्होंने एक संदेश पढ़ा, जिसमें किसी ने उन्हें ‘ओवररेटेड’ खिलाड़ी कहा था. यूज़र ने लिखा था, “आप ओवररेटेड खिलाड़ी हो. व्यक्तिगत तौर पर मुझे कुछ ख़ास नज़र नहीं आता. मुझे भारतीय बल्लेबाज़ों के मुक़ाबले इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज़ पसंद हैं.”इस पर कोहली ने कहा था ,‘‘ ठीक है तो मुझे लगता है कि आपको भारत में नहीं रहना चाहिये . आप कहीं और जाकर रहिये. आप रहते हमारे देश में हैं और प्यार दूसरे देशों से है. आप भले ही मुझे पसंद ना करें लेकिन मुझे नहीं लगता कि आपको हमारे देश में रहना चाहिये.’’

मशहूर कमेंटेटर हर्षा भोगले ने इस पर लिखा कि कोहली एक सुविधाजनक आवरण में रह रहे हैं. उन्होंने ट्वीट किया ,‘‘ विराट कोहली का बयान बताता है कि वह उसी सुविधाजनक खोल में रह रहे हैं जिसमें अधिकांश मशहूर लोग चले जाते हैं या जाने पर मजबूर हो जाते हैं. उसमें वही आवाज जाती है जो वे सुनना चाहते हैं. यह सुविधाजनक आवरण है और यही वजह है कि अधिकांश मशहूर लोग जाने से बचना चाहते हैं . ’’

विराट कोहली के देश छोड़ने की सलाह देने वाले बयान को BCCI के एक सीनियर ऑफिशिएल्स ने भी गैर जिम्मेदाराना बताया था. हालांकि, अब कोहली की सफाई ने इस मामले की गरमाहट को कम करने का काम किया है.