नई दिल्लीः भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली की हमेशा से क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर से तुलना की जाती है. इसका कारण कोहली की बेहतरीन बल्लेबाजी और टेक्नीक्स हैं. कोहली ने हालांकि हमेशा इस तुलना से दूरी बनाए रखी है और कहा है कि सचिन उनके बचपन के हीरो हैं. कोहली ने हाल ही में बताया है कि उन्होंने कभी यह बात मानने से इनकार नहीं किया है कि वह हमेशा से सचिन की तरह बनना चाहते थे.

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कोहली ने एक वेब शो ‘इन डेप्थ विद ग्राहम बेनसिंगर’ पर कहा, “सचिन मैदान पर जो करते थे, वो प्योर स्किल्स होती थीं. वह जिस तरह से बल्लेबाजी करते थे वो बाकी सभी से अलग थी और इसी बात ने मुझे प्रभावित किया.” मौजूदा कप्तान ने कहा, “मैं हमेशा कहता था कि यह काफी अलग है और यह उनका खेल मुझे इतना अच्छा लगता था कि मैं अपनी आंखें नहीं हटा पाता था.

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कोहली ने कहा कि ऐसा कोई भी मैच जिसमें सचिन खेलते थे उसके शुरू होने से पहले मैं दुकान पर जाता और चिप्स वगैरह खरीद कर टीवी से सामने बैठ कर उनकी बल्लेबाजी का इंतजार करता था. इसमें बेहद मजा आता था. मैं हमेशा लोगों से यही कहता था कि मैं सचिन की तरह बनना चाहता हूं”

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कोहली को मौजूदा समय के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाजों में गिना जाता है. उन्होंने कहा, “मुझे एक चीज याद है कि जब मैं मैच देखता था और भारतीय टीम लक्ष्य का पीछा करते हुए हार जाती थी तो मैं सोते समय यह सोचता था कि अगर मैं उस स्थिति में होता तो मैं मैच जिता ले जाता और ऐसा मेरे करियर में अभी तक कई बार हो चुका है. मैं इस तरह के मैचों का हिस्सा रहा हूं और टीम को कई बार जीत तक ले गया हूं.”