कोरोना वायरस (coronavirus) और इस महामारी से बचाव के लिए लागू किए गए लॉकडाउन के होने वाले आर्थिक नुकसान का प्रभाव इंग्लैंड (England) और ऑस्ट्रेलिया (Australia) के बाद अब भारतीय क्रिकेटरों की जेब पर पड़ सकता है। Also Read - लॉकडाउन में बुर्जुग पिता कर रहे इस भारतीय विकेटकीपर की प्रैक्टिस में मदद

इंडियन क्रिकेटर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक मल्होत्रा का मानना है कि कोरोना वायरस की वजह से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट पर लगे ब्रेक की वजह से भारतीय क्रिकेटरों की सैलरी में कटौती हो सकती है। Also Read - जसप्रीत बुमराह ने लसिथ मलिंगा के लिए कहा कुछ ऐसा कि सुनकर गदगद हो जाएगा 'यॉर्कर किंग'

मल्होत्रा ​​ने कहा कि खिलाड़ियों को वेतन में कटौती के लिए तैयार रहना चाहिए क्योंकि BCCI उस तरह का पैसा नहीं लगा रही है जैसा कि वो कमाया करते थे और क्रिकेटरों को अपनी जेब से ‘योगदान’ करना पड़ सकता है। Also Read - शुरुआत में लगा कि ठीक हूं लेकिन अब असहज महसूस कर रहा हूं : आर अश्विन

टाइम्स ऑफ इंडिया ने मल्होत्रा के हवाले से लिखा, “बीसीसीआई क्रिकेटरों की मूल संस्था है। ये एक कंपनी है। यदि कोई कंपनी घाटे में चल रही है, तो ये इसका प्रभाव नीचे तक जाता है। यूरोप में लगभग सभी फुटबॉलर्स, जिन्हें आमतौर पर सबसे ज्यादा सैलरी दी जाती है, वो भी कटौती झेल रहे हैं जिसका ऐलान उनसे जुड़ी फ्रेंचाइजी ने किया है।”

उन्होंने कहा, “ये एक अप्रत्याशित परिदृश्य था। ये बहुत कठिन समय हैं। इसलिए, सभी को अपनी जेब से योगदान देना होगा। मुझे पता है कि खिलाड़ियों के वेतन को कम करना उचित नहीं है, लेकिन अगर मूल निकाय उतनी कमाई नहीं कर रहा है जितना पहले कर रही था, तो क्रिकेटरों को निश्चित रूप से वेतन कटौती के लिए तैयार रहना होगा।”