कोरोना काल में फिलहाल क्रिकेट पर ब्रेक लगा हुआ है लेकिन साल के अंत में भारत को ऑस्‍ट्रेलिया का दौरान कहना है. साल 2018-19 में हुए दौरे पर भारत मेजबानों को पहली बार उनके ही घर पर मात देने में सफल रहा था. ऐसे में इस सीरीज का कंगारू टीम को बेसब्री से इंतजार है. पश्चिम ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट संघ (WACA) की प्रमुख क्रिस्टीना मैथ्यूज ने भारत के खिलाफ होने वाली हाई प्रोफाइल टेस्ट सीरीज के लिए पर्थ पर ब्रिसबेन को तरजीह देने पर क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया (CA) पर निशाना साधा है. Also Read - 'भारत-ऑस्ट्रेलिया जैसी कोई भी बड़ी सीरीज बिना दर्शकों के नहीं खेली जा सकती'

क्रिस्टीना का कहना है कि नवनिर्मित आप्टस स्टेडियम हर तरह से गाबा से बेहतर है. इसके बावजूद पर्थ को नवंबर में अफगानिस्तान के खिलाफ कम महत्वपूर्ण एकमात्र टेस्ट की मेजबानी सौंपी गई. Also Read - भारत से Boxing Day Test को लेकर टिम पेन को सता रहा है डर, 'हमें करना होगा ये काम'

भारतीय टीम चार टेस्ट मैचों की सीरीज के लिये ऑस्ट्रेलिया का दौरा करेगी जिसकी शुरूआत तीन दिसंबर से ब्रिसबेन में होगी. इसके बाद दूसरा टेस्ट एडीलेड में 11 से 15 दिसंबर तक खेला जाएगा जबकि तीसरा और चौथा टेस्ट क्रमश: मेलबर्न (26 से 30 दिसंबर) और सिडनी (तीन से सात जनवरी) में होगा. Also Read - स्टीव स्मिथ ने माना: मैदान पर कड़ी मेहनत करते हैं वो और विराट कोहली

फॉक्स स्पोर्ट्स ने गुरुवार को क्रिस्टीना के हवाले से कहा, ‘‘पिछले दो साल में क्रिकेट से जुड़े सभी पहलुओं में हमने ब्रिसबेन को पछाड़ा है, दर्शकों की संख्या हो, प्रसारण रेटिंग, यहां तक कि साल के उस समय बेहतर बारिश, अधिक कारपोरेट सीट- इतने सारे संकेत- और बिलकुल नया स्टेडियम.’’

क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने गुरुवार को 2020-2021 सत्र के अपने अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम की पुष्टि की. क्रिस्टीना ने कहा, ‘‘जब ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट का प्राथमिक उद्देश्य प्रशंसकों को प्राथमिकता देना है तो यह हैरान करने वाला है कि इस राज्य में 10 हजार सदस्य जो क्रिकेट के समर्थन के लिए साल दर साल पैसा दे रहे हैं उन्हें दुनिया की नंबर एक टेस्ट टीम की मेजबानी का मौका नहीं दिया गया.’’