ऑलराउंडर क्रुणाल पांड्या का कहना है कि टीम इंडिया के पूर्व कोच जॉन राइट ने उन्हें और उनके छोटे भाई हार्दिक पांड्या को काफी सपोर्ट किया है. दोनों भाई इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में मुंबई इंडियंस के लिए खेलते हैं और राइट इस टीम का कोच रह चुके हैं. Also Read - जो रूट ने कोहली की तारीफ में पढ़े कसीदे, कहा-असाधारण प्रतिभा के धनी हैं कोहली

क्रुणाल ने क्रिकबज से कहा, ‘बीते दिनों की बात है. स्पीड पोस्ट जॉब के लिए सरकारी भर्ती थी और ट्रायल्स के लिए मुझे पत्र भी मिला था. मेरे पिता ने मुझसे कहा कि तुम्हारे पास अच्छा मौका है. इसलिए तुम्हें जाना चाहिए. ठीक उसी समय मुझे बड़ौदा टीम की ओर से मुश्ताक अली में खेलने के लिए ट्रायल्स भी देने जाना था. मैंने सोचा कि मैंने पिछले दो-तीन साल से काफी मेहनत की है और अब मेरे पास एक नया खिलाड़ी बनने का मौका है. इसलिए मैं स्पीड पोस्ट की नौकरी करने नहीं गया. मैंने एक क्रिकेटर बनना पसंद किया. इसके बाद मैंने उस लेटर को फाड़कर फेक दिया और ट्रायल्स में जाने का फैसला किया. मैंने ट्रायल्स दिया और बेहतरीन प्रदर्शन किया. इसके बाद बड़ौदा टीम के लिए मेरा चयन हो गया. हार्दिक पहले से ही टीम में थे.’ Also Read - शिखर धवन ने अंतरराष्‍ट्रीय क्रिकेट में पूरे किए 10 साल, फैन्‍स के साथ इस तरह शेयर की स्‍पेशल मूमेंट की खुशी

‘ब्लैक बेल्ट’ हासिल कर चुके क्रिकेटर अजिंक्य रहाणे ने Lockdown में शुरू की कराटे की प्रैक्टिस, जानिए दिन का पूरा शेड्यूल Also Read - Happy Birthday Virender Sehwag: टेस्ट क्रिकेट में 2 ट्रिपल सेंचुरी जड़ने वाले इकलौते भारतीय हैं 'नजफगढ़ के नवाब', यहां देखें उनके कुछ चुनिंदा रिकॉर्डस

क्रुणाल ने भारत के लिए अब तक 18 टी-20 मैच खेले हैं. उन्होंने कुल 121 रन बनाने के अलावा 14 विकेट भी अपने नाम किए हैं.

बकौल क्रुणाल, ‘तब हम दोनों भाई जॉन राइट की नजर में आए और उन्होंने देखा कि हम दोनों भाई कितने प्रतिभाशाली क्रिकेटर्स हैं. उन्होंने देखा कि हम दोनों बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों कर सकते हैं. इसके बाद उनकी नजर हम पर रहने लगी और वहीं से हमारी जिंदगी बदल गई. मुझे लगता है कि उस लेटर को फाड़ना मेरे लिए काफी अच्छा रहा. अगर मैं ट्रायल्स में नहीं जाता तो आज मेरी जिंदगी दूसरी होती.’

‘महेंद्र सिंह धोनी भारतीय क्रिकेट को अभी बहुत कुछ दे सकते हैं, उनपर रिटायरमेंट का दबाव मत बनाओ’

गौरतलब है कि क्रुणाल के भाई हार्दिक भारतीय टीम के अहम सदस्य हैं. हार्दिक ने बहुत कम समय में खुद को टीम में स्थापित किया है.